en
Feedback
संविधान एवं राजव्यवस्था & समसामयिकी

संविधान एवं राजव्यवस्था & समसामयिकी

Open in Telegram

स्वागत है Polity Gyaan में, जहाँ हम भारतीय राजनीति, संविधान, और शासन प्रणाली से जुड़ी गहन और विश्लेषणात्मक जानकारी के लिए राजनीति और शासन की समझ को मजबूत करें! हमारे साथ जुड़ें और ज्ञानवर्धक चर्चा का हिस्सा बनें

Show more
2 667
Subscribers
No data24 hours
-37 days
+2830 days
Attracting Subscribers
June '26
June '26
+47
in 0 channels
May '26
+84
in 0 channels
Get PRO
April '26
+70
in 1 channels
Get PRO
March '26
+36
in 0 channels
Get PRO
February '26
+49
in 0 channels
Get PRO
January '26
+118
in 1 channels
Get PRO
December '25
+65
in 0 channels
Get PRO
November '25
+53
in 0 channels
Get PRO
October '25
+67
in 0 channels
Get PRO
September '25
+101
in 1 channels
Get PRO
August '25
+142
in 2 channels
Get PRO
July '25
+148
in 1 channels
Get PRO
June '25
+86
in 1 channels
Get PRO
May '25
+178
in 1 channels
Get PRO
April '25
+218
in 1 channels
Get PRO
March '25
+200
in 5 channels
Get PRO
February '25
+142
in 1 channels
Get PRO
January '25
+174
in 2 channels
Get PRO
December '24
+195
in 1 channels
Get PRO
November '24
+309
in 5 channels
Get PRO
October '24
+376
in 8 channels
Get PRO
September '24
+233
in 4 channels
Get PRO
August '24
+113
in 3 channels
Get PRO
July '24
+47
in 2 channels
Get PRO
June '24
+49
in 4 channels
Get PRO
May '24
+70
in 2 channels
Get PRO
April '24
+219
in 4 channels
Get PRO
March '240
in 6 channels
Get PRO
February '240
in 2 channels
Get PRO
January '24
+165
in 1 channels
Date
Subscriber Growth
Mentions
Channels
22 June0
21 June0
20 June+1
19 June0
18 June0
17 June0
16 June0
15 June+2
14 June+4
13 June+3
12 June+4
11 June+3
10 June+7
09 June+3
08 June+1
07 June+4
06 June+2
05 June+2
04 June+7
03 June0
02 June+2
01 June+2
Channel Posts
फुटपाथ पर पैदल चलना अब मौलिक अधिकार सर्वोच्च न्यायालय ने एक ऐतिहासिक फैसले में पैदल चलने और सुरक्षित फुटपाथ का उपयोग करने को
फुटपाथ पर पैदल चलना अब मौलिक अधिकार
सर्वोच्च न्यायालय ने एक ऐतिहासिक फैसले में पैदल चलने और सुरक्षित फुटपाथ का उपयोग करने को नागरिकों का मौलिक अधिकार माना है। न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि सड़कों पर मोटर वाहनों से ज्यादा अधिकार पैदल चलने वालों का है।
मौलिक अधिकारों का आधार
अनुच्छेद 19(1)(d): इसके तहत देश में स्वतंत्र रूप से आने-जाने और घूमने की आजादी मिलती है, जिसमें सुरक्षित फुटपाथ पर चलना भी शामिल है। अनुच्छेद 21: यह 'जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता का अधिकार' है, जो पैदल यात्रियों को सुरक्षित माहौल प्रदान करता है।

2
🔴🔴 लोक लेखा समिति (Public Accounts Committee - PAC) ➡️ गठन: भारत सरकार अधिनियम, 1919 के तहत पहली बार 1921 में गठन। ➡️ कुल सदस्य: 22 🔹 15 सदस्य – लोकसभा से 🔹 7 सदस्य – राज्यसभा से ➡️ लोकसभा एवं राज्यसभा के सदस्यों का निर्वाचन अपने-अपने सदन द्वारा आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली (Proportional Representation) के अंतर्गत एकल संक्रमणीय मत (Single Transferable Vote) से किया जाता है। ➡️ अध्यक्ष (Chairperson) की नियुक्ति लोकसभा अध्यक्ष द्वारा की जाती है। ➡️ परंपरानुसार समिति का अध्यक्ष विपक्ष के सदस्य को बनाया जाता है। ➡️ कार्यकाल: 1 वर्ष 🔹 प्रमुख कार्य ✅ भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्टों की जांच करना। ✅ संसद द्वारा स्वीकृत धनराशि का उपयोग निर्धारित उद्देश्य के अनुसार हुआ या नहीं, इसकी समीक्षा करना। ✅ सरकारी व्ययों में अनियमितता, अपव्यय एवं वित्तीय त्रुटियों की जांच करना। ✅ सार्वजनिक व्यय पर संसदीय नियंत्रण सुनिश्चित करना। ✅ प्राक्कलन समिति (Estimates Committee) के साथ मिलकर सरकारी खर्चों पर निगरानी रखना। 📌 परीक्षा हेतु महत्वपूर्ण तथ्य 🔸 स्थापना: 1921 🔸 कुल सदस्य: 22 (15 लोकसभा + 7 राज्यसभा) 🔸 कार्यकाल: 1 वर्ष 🔸 अध्यक्ष: लोकसभा अध्यक्ष द्वारा नियुक्त 🔸 परंपरा: अध्यक्ष विपक्ष से 🔸 मुख्य कार्य: CAG रिपोर्टों की जांच एवं सरकारी व्यय की समीक्षा ✨ ट्रिक: "PAC = Public Accounts Committee = सरकारी खर्चों की संसद द्वारा जांच" 📊🏛️
52
3
🔴 नए राज्यों का गठन 👉 आन्ध्र प्रदेश – 1953 👉 महाराष्ट्र – 1960 👉 गुजरात – 1960 👉 नगालैंड – 1962 (13वां संशोधन) 👉 हरियाणा – 1966 👉 हिमाचल प्रदेश – 1971 👉 मेघालय – 1972 👉 मणिपुर – 1972 👉 त्रिपुरा – 1972 👉 सिक्किम – 1975 (36वां संशोधन) 👉 मिजोरम – 1987 (53वां संशोधन) 👉 अरुणाचल प्रदेश – 1987 (55वां संशोधन) 👉 गोवा – 1987 (56वाँ संशोधन) 👉 छत्तीसगढ़ – 1 नवम्बर, 2000 👉 उत्तराखंड – 9 नवम्बर, 2000 👉 झारखंड – 15 नवम्बर, 2000 👉 तेलंगाना – 2 जून, 2014 Join 👉https://t.me/EternalCivilAcademy
312
4
🔴 संघ एवं इसके राज्य क्षेत्रों से सम्बंधित अनुच्छेद – 👉 अनुच्छेद 1– संघ के क्षेत्र का नाम 👉 अनुच्छेद 2 – नये राज्यों के प्रवेश अथवा स्थापना का संसद का अधिकार 👉 अनुच्छेद 3 – नये राज्यों की स्थापना तथा वर्तमान राज्यों के क्षेत्रफल, सीमा अथवा नामों में परिवर्तन 👉 अनुच्छेद 4 – अनुच्छेद 2 एवं 3 के अंतर्गत बनाए गए कानून जिनके द्वारा पहली तथा चौथी अनुसूची एवं पूरक, अनुषांगिक एवं अनुवर्ती (Consequential) मामलों में संशोधन किया जा सके। Join 👉https://t.me/EternalCivilAcademy
290
5
🔘 संवैधानिक निकाय ▪️अनुच्छेद-76- महान्यायवादी ▪️अनुच्छेद-148-नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक ▪️अनुच्छेद-165-महाधिवक्ता ▪️अनुच्छेद - 243I - राज्य वित्त आयोग ▪️अनुच्छेद - 243K- राज्य निर्वाचन आयोग ▪️अनुच्छेद 243ZD- जिला योजना समिति ▪️ अनुच्छेद 263- अंतरराज्यीय परिषद ▪️ अनुच्छेद 280- वित्त आयोग ▪️ अनुच्छेद 279ए- जीएसटी परिषद ▪️ अनुच्छेद 315- लोक सेवा आयोग ▪️ अनुच्छेद 324- निर्वाचन आयोग ▪️अनुच्छेद 338- राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ▪️अनुच्छेद 338A- राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ▪️अनुच्छेद 338B- राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग ▪️अनुच्छेद 350B- भाषाई अल्पसंख्यकों के लिए विशेष अधिकारी  Join 👉https://t.me/EternalCivilAcademy
290
6
+4
केंद्रीय सतर्कता आयोग (CVC) (Central Vigilance Commission) 👆
717
7
📚 Uniform Civil Code (UCC) Notes | UPSC CSE / State PCS Mains ✅ असम UCC बिल पारित करने वाला भारत का तीसरा राज्य बना। 🔹 1st State – उत्तराखंड (2024) 🔹 2nd State – गुजरात (2026) 🔹 3rd State – असम (2026) ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 UCC क्या है? Uniform Civil Code (समान नागरिक संहिता) का अर्थ है— सभी नागरिकों के लिए विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, गोद लेना, भरण-पोषण आदि मामलों में समान नागरिक कानून लागू होना, चाहे उनका धर्म कोई भी हो। ━━━━━━━━━━━━━━━ 📖 Constitutional Basis 🔹 Article 44 (DPSP) “राज्य पूरे भारत में नागरिकों के लिए समान नागरिक संहिता सुनिश्चित करने का प्रयास करेगा।” ➡️ यह Directive Principles of State Policy (DPSP) में है। ➡️ Non-justiciable है। ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 UCC किन विषयों से संबंधित है? • Marriage • Divorce • Inheritance • Adoption • Maintenance • Guardianship ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 UCC के पक्ष में तर्क ✅ Equality before law (Art. 14) ✅ Gender Justice ✅ National Integration ✅ Secularism को मजबूती ✅ अलग-अलग personal laws की जटिलता समाप्त ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 UCC के विरोध में तर्क ❌ Religious Freedom (Art. 25) पर प्रभाव ❌ Cultural Diversity को खतरा ❌ Minority concerns ❌ Tribal customs प्रभावित होने की आशंका ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 Important Judgments ⚖️ Shah Bano Case (1985) ➡️ Supreme Court ने UCC की आवश्यकता बताई। ⚖️ Sarla Mudgal Case (1995) ➡️ Personal laws के misuse पर चिंता व्यक्त। ⚖️ Shayara Bano Case (2017) ➡️ Triple Talaq unconstitutional घोषित। ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 Assam UCC Bill 2026 – Key Features 🔹 Polygamy ban 🔹 Marriage registration compulsory 🔹 Live-in relationship registration 🔹 Equal inheritance rights 🔹 Women & child rights protection 🔹 ST communities को कुछ छूट ━━━━━━━━━━━━━━━ 📝 UPSC/PCS Mains Questions “Uniform Civil Code भारतीय संविधान के समानता एवं धर्मनिरपेक्षता के आदर्शों को सुदृढ़ करती है।” विवेचना कीजिए। भारत में UCC लागू करने के पक्ष एवं विपक्ष में दिए गए तर्कों का परीक्षण कीजिए। धार्मिक स्वतंत्रता और समान नागरिक संहिता के मध्य संतुलन की चुनौतियों पर चर्चा कीजिए। शाह बानो एवं सरला मुद्गल मामलों के संदर्भ में UCC की आवश्यकता का परीक्षण कीजिए। “UCC केवल कानूनी सुधार नहीं बल्कि सामाजिक परिवर्तन का विषय है।” टिप्पणी कीजिए। ━━━━━━━━━━━━━━━ ✍️ Essay Topics 🖋️ “समान नागरिक संहिता : संवैधानिक आदर्श या सामाजिक चुनौती?” 🖋️ “धर्मनिरपेक्ष भारत में Uniform Civil Code की आवश्यकता” 🖋️ “लैंगिक न्याय की दिशा में समान नागरिक संहिता का महत्व” 🖋️ “विविधता में एकता : क्या भारत UCC के लिए तैयार है?” 🖋️ “धार्मिक स्वतंत्रता और समान नागरिक संहिता के मध्य संतुलन” ━━━━━━━━━━━━━━━ 📌 Answer Writing Keywords • Constitutional Morality • Gender Justice • Secularism • Legal Uniformity • Inclusive Reform • Social Harmony • Pluralism ━━━━━━━━━━━━━━━ ✅ Ready-made Conclusion “Uniform Civil Code का उद्देश्य केवल विधिक समानता स्थापित करना नहीं, बल्कि संवैधानिक मूल्यों, सामाजिक न्याय एवं सांस्कृतिक विविधता के मध्य संतुलन स्थापित करना भी है।” ━━━━━━━━━━━━━━━ #UPSC #PCS #UCC #UniformCivilCode #Polity #GS2 #Essay #CurrentAffairs #mains
663
8
No text...
567
9
निम्नलिखित में से किस समिति में राज्य सभा का प्रतिनिधित्व नहीं होता है?
567
10
किस अनुच्छेद को युद्ध या बाह्य आक्रमण के आधार पर घोषित आपातकाल के दौरान भी निलंबित नहीं किया जा सकता है? Which Articles of the Indian Constitution CANNOT be suspended even during an emergency declared on the grounds of war or external aggression?
761
11
dpsp akash sir.pdf
944
12
No text...
922
13
No text...
940
14
No text...
800
15
1892 के के भारतीय परिषद अधिनियम ने विधान परिषद के कार्यों में वृद्धि की। इसके तहत बजट पर बहस करने की शक्ति दी गई, परंतु मतदान का अधिकार नहीं था। इस अधिनियम के तहत 6 दिन की पूर्व नोटिस पर कार्यपालिका से प्रश्न पूछने की अनुमति दी गई, परंतु पूरक प्रश्न पूछने का अधिकार नहीं था।
999
16
निम्नलिखित में से किस अधिनियम के अंतर्गत भारतीय विधान परिषद को बजट पर बहस करने की शक्ति प्राप्त हुई?
1 018
17
उपर्युक्त में से कौन-सा/कौन-से कथन सही है/हैं?
952
18
भारतीय परिषद अधिनियम, 1892 के संबंध में निम्न कथनों को पढ़कर सही विकल्प चुनें- (i) इसे 3 फरवरी 1893 को लागू किया गया। (ii) सदस्यों को वार्षिक बजट पर बहस करने तथा सरकार से 6 दिन की पूर्व नोटिस पर प्रश्न पूछने का अधिकार दिया गया। (iii) कुल 24 सदस्यों में से गैर-सरकारी सदस्यों की संख्या 5 थी।।
910
19
भारतीय परिषद अधिनियम, 1861 के द्वारा भारत के गवर्नर जनरल की कार्यकारी परिषद को पोर्टफोलियो प्रणाली पर कार्य करने वाली कैबिनेट में बदल दिया गया था, जिसमें राजस्व, सैन्य, कानून, वित्त और गृह विभागों के प्रमुख के रूप में पांच सदस्य शामिल थे। 1874 ई. में इसमें छठा सदस्य (लोक निर्माण विभाग हेतु) जुड़ा। इस अधिनियम के द्वारा विधायी कार्य के लिए अतिरिक्त सदस्यों की संख्या न्यूनतम 6 और अधिकतम 12 कर दी गई थी, जिन्हें गवर्नर जनरल द्वारा 2 वर्ष की अवधि हेतु नामित किया जाता था। इन अतिरिक्त सदस्यों में से कम-से-कम आधे गैर-सरकारी होने थे। इस अधिनियम के तहत केंद्रीय और प्रांतीय विषयों के बीच कोई भेद नहीं किया गया था।
763
20
उपर्युक्त में से कौन-सा/कौन-से कथन सही है/हैं?
647