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E - समिधा BOOKS

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सभी पीडीएफ इंटरनेट पर उपलब्ध श्रोतों से ली गईं हैं, कॉपीराइट संबंधी दावे के लिए संपर्क करें। For promo and copyright issues, contact - 📞 |➛ @Shivaji_0

Ko'proq ko'rsatish

📈 Telegram kanali E - समिधा BOOKS analitikasi

E - समिधा BOOKS (@esamidha) Hind til segmentidagi kanali faol ishtirokchi. Hozirda hamjamiyat 13 822 obunachidan iborat bo'lib, Kitoblar toifasida 2 710-o'rinni va Hindiston mintaqasida 29 875-o'rinni egallagan.

📊 Auditoriya ko‘rsatkichlari va dinamika

невідомо sanasidan buyon loyiha tez o‘sib, 13 822 obunachiga ega bo‘ldi.

27 Iyul, 2026 dagi oxirgi ma’lumotlarga ko‘ra kanal barqaror faollikka ega. Oxirgi 30 kunda obunachilar soni -30 ga, so‘nggi 24 soatda esa -3 ga o‘zgardi va umumiy qamrov yuqori darajada qolmoqda.

  • Tasdiqlash holati: Tasdiqlanmagan
  • Jalb etish (ER): Auditoriya o‘rtacha 19.64% darajada jalb etiladi. Nashrdan keyingi dastlabki 24 soatda kontent odatda umumiy obunachilar sonining 8.12% ini tashkil etuvchi reaksiyalarni to‘playdi.
  • Post qamrovi: Har bir post o‘rtacha 2 715 marta ko‘riladi; birinchi sutkada odatda 1 123 ta ko‘rish yig‘iladi.
  • Reaksiyalar va o‘zaro ta’sir: Auditoriya faol: har bir postga o‘rtacha 19 ta reaksiya keladi.
  • Tematik yo‘nalishlar: Kontent राम, नाम, हिन्दी, अगस्त, भाषा kabi asosiy mavzularga jamlangan.

📝 Tavsif va kontent siyosati

Muallif resursni shaxsiy fikrni ifoda etish maydoni sifatida ta’riflaydi:
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Yuqori yangilanish chastotasi (oxirgi ma’lumot 28 Iyul, 2026 da olingan) sababli kanal doimo dolzarb va katta qamrovli bo‘lib qoladi. Analitika auditoriya kontent bilan faol hamkorlik qilishini, uni Kitoblar toifasidagi muhim ta’sir nuqtasiga aylantirishini ko‘rsatadi.

13 822
Obunachilar
-324 soatlar
-47 kunlar
-3030 kunlar
Postlar arxiv
शिक्षा व्यवस्था मे सुधार आवश्यक है लेकिन, अपने देश के प्रधानमंत्री, अपनी सेना और भगवान को अपशब्द कहने वाले तथाकथित छात्रों ने अपनी वाणी द्वारा अपनी कुशिक्षा का जो प्रदर्शन दिया है, ऐसे कुशिक्षितों द्वारा शिक्षा का मुद्दा उठाना हास्यास्पद बात है।

शिक्षा व्यवस्था मे सुधार आवश्यक है लेकिन, अपने देश के प्रधानमंत्री, अपनी सेना और भगवान को अपशब्द कहने वाले तथाकथित छात्रों ने अपनी वाणी द्वारा अपनी कुशिक्षा का जो प्रदर्शन दिया है, ऐसे कुशिक्षितों द्वारा शिक्षा का मुद्दा उठाना हास्यास्पद बात है।

समय बदलता है, पर नीति नहीं। हितोपदेश का यह संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है। @Esamidha
समय बदलता है, पर नीति नहीं। हितोपदेश का यह संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है। @Esamidha

अरे 🤣🤣🤣🤣
अरे 🤣🤣🤣🤣

The vultures have finally got the feast. The next few days shall be emotional reels everywhere This is how human vultures work. Signing off from this issue, it was a classic playlist: Incite to do unlawful things + leaders disappear + people are injured → leaders reappear injuries turned into emotion → leaders benefits while the injured continue to bear the costs.

CJP का Vijeta Dahiya की एक वीडियो देखी जिसमें वो मनुवादियों को आतंकवादी और प्रेमानंद जी महाराज को गलत कह रहा है। अब ये देखिए कि इतना सब होने के बाद भी ये अपनी धारणा सबके सामने रख रहा है। फिर हम क्यों अपनी धारणा रखने में पीछे रहे? जब तुम्हे पता है कि ऐसी बातों से प्रोटेस्ट कमजोर या डायवर्ट हो सकता है उसके बावजूद लगातार ऐसी बातें कर रहा है। यानी ये सिर्फ युवाओं को भड़काना चाहता है। और कल सब युवा तो लट्ठ खा रहे थे और ये बर्गर खा रहा था।

CJP के आंदोलनकारी जो संसद पर चढ़ना चाहते हैं उन्हें ये जान लेना चाहिये कि संसद लालकिला नहीं है। संसद देश की विधायी शक्ति का केंद्र है। संसद के बाहर रोकने का जो प्रयास होता है वो "management" होता है। एवं "management" एक सीमा तक ही कार्य करता है। सुरक्षा बल राजनैतिक आदेशों पर नहीं बल्कि सुरक्षा सिद्धांतों पर कार्य करते हैं। उदाहरण के लिये यदि प्रधानमंत्री चाहें भी तब भी SPG की अवहेलना नहीं कर सकते‌ यदि कोई प्रधानमंत्री actively गोली खाने जायेगा तब भी SPG उसको रोकेगी, चाहे प्रधानमंत्री को खदेड़ना ही क्यों न पड़े। ठीक इसी प्रकार संसद राज्य की विधायी शक्ति का प्रतीक है। इसके core में घुसने का प्रयास करना अर्थात् सुरक्षा बलों को "mangement" से "elimination of threat" की तरफ धकेलना। और एक बार यह हुआ तो संसद के द्वार पर खड़े बल "warning shots" नहीं चलाते वे अपना दायित्व निभाते हैं और वह है संसद की सुरक्षा। और उसको निभाने का अंतिम मार्ग है "Shoot to kill" अर्थात् मारने के लिये गोली चलाना। मैंने कल भी कहा था कि इस मूर्खता से दूर रहना उचित है क्योंकि मानवीय गिद्ध, नेता आदि, अपने शिकार को मौत तक धकेलते हैं उसके बाद उसे खाते हैं। ये वास्तविक गिद्धों से भी बुरे हैं। अतः यदि आपका कोई जन उस march में है तो उचित है उसे वापस बुलाना, क्योंकि सुरक्षातंत्र लाशें नहीं गिनता, मीडिया एवं नेता जैसे गिद्ध लाशें तो गिनते हैं किंतु मानवीय पीड़ा नहीं। अंत में आपके परिजन की पीड़ा आपकी पीड़ा ही रहती है। - अज्ञात

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नाम - कल्याण धर्मशास्त्र - अंक भाषा - हिन्दी, संस्कृत पृष्ठ संख्या - 411 गीताप्रेस गोरखपुर Source - archive.org ----------»Join«---------- ╚» @Esamidha «╝ ・・・・・・・・・ 📖📚📕 #Esamidha #PDF #Books

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मैं CJP का समर्थन नहीं करता हूं Neet विषय पर बोलने के अलावा ये सब काम कर रहे है ये। एक व्यक्ति कई दिनों से भूखा है उसके सामने डांस कर रहे है खाना खा रहे है गाना गा रहे हे लड़कियों के साथ सेल्फी ले रहे है। लेकिन इसका ये अर्थ भी नहीं कि में धर्मेंद्र प्रधान के समर्थन में हूं। इसे तो इस्तीफा देना चाहिए। दोनों तरफ के लोग भ्रष्ट है।

श्री महाप्रभु जगन्नाथ रथयात्रा की हार्दिक शुभकामनाएं 🏵️

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नाम -  नवीन अनुवाद चन्द्रिका प्रकाशक - मोतीलाल बनारसीदास लेखक - श्री चक्रधर नौटियाल 'हंस' पृष्ठ - 364 भाषा - हिंदी- संस्कृत विषय - संस्कृत व्याकरण Source - archive.org ----------»Join«---------- ╚» @Esamidha «╝ ・・・・・・・・・ 📖📚📕 #Esamidha #PDF #Books

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यदि शिक्षा का अर्थ जानकारी ही होता, तब तो पुस्तकालय संसार में सबसे बड़े सन्त हो जाते और विश्वकोष महान् ऋषि बन जाते। - स्वामी विवेकानंद जी 🙏🏻पुण्य तिथि पर शत्-शत् नमन 🙏🏻

काफी अच्छा bot है काफी पुस्तकों की PDF एक ही जगह मिल जाएगी।

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🕉 नमस्कार! 📖 सनातन धर्म की पुस्तकों को सभी तक पहुँचाने के उद्देश्य से एक टेलीग्राम बोट बनाया गया है। 🤖 सिंहस्थ बोट — @simh
🕉 नमस्कार! 📖 सनातन धर्म की पुस्तकों को सभी तक पहुँचाने के उद्देश्य से एक टेलीग्राम बोट बनाया गया है। 🤖 सिंहस्थ बोट — @simhasthabot ✈️ एक ही स्थान पर निःशुल्क उपलब्ध: • उपनिषद्, विभिन्न गीताएँ, विभिन्न रामायण, महाभारत तथा सभी पुराण। • योग, दर्शन एवं आयुर्वेद की पुस्तकें। • 50 से अधिक कल्याण पत्रिकाएँ। • आदि शंकराचार्य, गोस्वामी तुलसीदास, स्वामी रामसुखदास, स्वामी विवेकानंद सहित अनेक रचनाकारों की पुस्तकें। • संहिताएँ, स्मृतियाँ एवं ज्योतिष शास्त्र की पुस्तकें। • पुराण, रामचरितमानस आदि की ऑडियो फ़ाइलें। • अन्य अनेक सनातन धर्म से संबंधित पुस्तकें। ➡️ आवश्यक जानकारी: • सभी पुस्तकें पूर्णतः निःशुल्क उपलब्ध हैं। कोई पेड सेवा नहीं है। • किसी भी प्रकार का कोई विज्ञापन नहीं दिखाया जाता है। • कोई प्रश्न, शिकायत या सुझाव हो तो @vishnupriya पर संदेश भेजें या बोट के माध्यम से संपर्क करें। • यह प्रोजेक्ट @simhasthaorg का एक हिस्सा है। अधिक जानकारी के लिए simhastha.org पर जाएँ। ❤️ अभी उपयोग करें: @simhasthabot

नाम - पुत्र गीता लेखक - महर्षि वेदव्यासजी पृष्ठ - 10 भाषा - संस्कृत,हिंदी ----------»Join«---------- ╚» @Esamidha «╝ ・・・・・・・・・ 📖📚📕 #Esamidha #PDF #Books

महाभारतके शान्तिपर्वमें भीष्म युधिष्ठिर संवादके अन्तर्गत पुत्रगीताके रूपमें एक प्राचीन आख्यान आता है, जिसमें सदा वेद-शास्त्रो
महाभारतके शान्तिपर्वमें भीष्म युधिष्ठिर संवादके अन्तर्गत पुत्रगीताके रूपमें एक प्राचीन आख्यान आता है, जिसमें सदा वेद-शास्त्रोंके अध्ययनमें तत्पर रहनेवाले एक ब्राह्मणको उनके मेधावी नामक तत्त्वदर्शी पुत्रद्वारा ही बहुत मार्मिक उपदेश दिये गये हैं। प्रत्येक मनुष्यका जीवन क्षणभंगुर हैं, मृत्यु कभी भी बिना पूर्वसूचनाके आ सकती है, अतः प्रत्येक अवस्थामें संसारकी आसक्तिसे बचकर धर्माचरण तथा सत्यव्रतका पालन करते रहना चाहिये, यही परमसाधन इस पुत्रगीतामें बताया गया है। अत्यन्त प्रभावी ढंगसे चेतावनी देनेवाली यह पुत्रगीता यहाँ सानुवाद प्रस्तुत की जा रही है।