uk
Feedback
UTKARSH CLAT CLASSES

UTKARSH CLAT CLASSES

Відкрити в Telegram

Welcome to @UtkarshCLATClasses Telegram Channel. @UtkarshClasses @utkarshlawclasses ✍️ Online Education App 🏆 🔰 Download Android App http://bit.ly/UtkarshApp 🔰 YouTube🔔 https://www.youtube.com/channel/UC2MaP5BzVwisbL9mDXazOIw/feature

Показати більше
1 234
Підписники
Немає даних24 години
-67 днів
-2430 день
Архів дописів
आज उत्कर्ष क्लासेस अपनी 23वीं वर्षगाँठ मना रहा है। 23 वर्षों की यह यात्रा सिर्फ़ शिक्षा नहीं, बल्कि विश्वास, संस्कार और समर्पण की यात्रा रही है। जब मैंने इसे एक छोटे से सपने के रूप में शुरू किया था, तब कल्पना भी नहीं थी कि यह एक दिन लाखों विद्यार्थियों की आकांक्षाओं से जुड़ेगा। बीते वर्ष हमने PhysicsWallah परिवार के साथ मिलकर एक नया अध्याय लिखा — यह साझेदारी हमारे विद्यार्थियों को और भी व्यापक अवसर व संसाधन उपलब्ध कराने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। विशेष धन्यवाद अलख पांडे सर और प्रतीक माहेश्वरी जी का, जिनके विज़न और विश्वास ने इस साझेदारी को और मज़बूत बनाया। यह सहयोग हमारे विद्यार्थियों के लिए अवसरों का नया द्वार खोल रहा है — Utkarsh की परंपरा और PW की डिजिटल शक्ति मिलकर शिक्षा को और अधिक सुलभ एवं प्रभावी बना रहे हैं। सभी विद्यार्थियों, शिक्षकों और सहयोगियों का हृदय से आभार 🙏 आने वाला समय और भी प्रेरणादायक होगा। – निर्मल गहलोत संस्थापक , उत्कर्ष क्लासेस

photo content

#HappyBirthdayNirmalSir 💐 प्रसिद्ध शिक्षाविद् , समाजसेवी, डिजिटल शिक्षा के जनक, उत्कर्ष क्लासेस के संस्थापक डॉ. निर्मल गहलोत
#HappyBirthdayNirmalSir 💐 प्रसिद्ध शिक्षाविद् , समाजसेवी, डिजिटल शिक्षा के जनक, उत्कर्ष क्लासेस के संस्थापक डॉ. निर्मल गहलोत सर को उत्कर्ष परिवार की ओर से जन्मदिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ...

🔴 https://www.youtube.com/live/JPBoQIJsYVo 🎉13 अगस्त की सुबह… कुछ ऐसा होने वाला है, जिसे आप मिस नहीं करना चाहेंगे! जी हाँ!
🔴 https://www.youtube.com/live/JPBoQIJsYVo 🎉13 अगस्त की सुबह… कुछ ऐसा होने वाला है, जिसे आप मिस नहीं करना चाहेंगे! जी हाँ! डिजिटल शिक्षा क्रांति के अग्रदूत डॉ. निर्मल सर के जन्मदिन पर होने जा रहा है एक ख़ास जश्न ! जिसमें शामिल हैं आपके लिए भी ढेरों Surprises, जो बदल देंगे आपकी तैयारी का अंदाज़!🚀 लेकिन क्या हैं वो ख़ास Surprises?💥 जानने के लिए जुड़ना न भूलिएगा ‘फूल-पत्ती वाली क्लास’ में LIVE ⏰ सुबह 6:00 बजे।

भाई-बहन के असीम स्नेह व प्रेम के पावन पर्व रक्षाबंधन की हार्दिक शुभकामनाएं |
भाई-बहन के असीम स्नेह व प्रेम के पावन पर्व रक्षाबंधन की हार्दिक शुभकामनाएं |

Happy Friendship Day! 💛 तैयारी का सफर आसान हो जाता है जब साथ होते हैं दोस्त। नोट्स से लेकर मोटिवेशन तक, सबकुछ मिल जाता है एक
Happy Friendship Day! 💛 तैयारी का सफर आसान हो जाता है जब साथ होते हैं दोस्त। नोट्स से लेकर मोटिवेशन तक, सबकुछ मिल जाता है एक दोस्त की मदद से।

कारगिल विजय दिवस ⚫️ कारगिल युद्ध (वर्ष 1999) में देश के लिये सर्वोच्च बलिदान देने वाले भारतीय सैनिकों के शौर्य, पराक्रम व बहादुरी के सम्मान में श्रद्धांजलि अर्पित करने हेतु प्रत्येक वर्ष 26 जुलाई को कारगिल विजय दिवस मनाया जाता है। ⚫️ वर्ष 1999 के शुरुआती महीनों में भारतीय इलाके की नियंत्रण सीमा रेखा के कई ठिकानों, जैसे- द्रास, मारकोह, काकसर और यतालिक पर अपने आप को मुजाहिद्दीन बताने वालों ने कब्जा कर लिया था। ⚫️ 1998-1999 की सर्दियों के दौरान पाकिस्तानी सशस्त्र बलों ने कारगिल, लद्दाख के द्रास और बटालिक सेक्टर में एनएच 1A पर स्थित किलेबंद ठिकानों पर कब्जा करने के लिए नियंत्रण रेखा (LoC) के पार गुप्त रूप से सैनिकों को प्रशिक्षित और तैनात किया। ⚫️ भारतीय सैनिकों ने पहले तो इन्हें घुसपैठियों को आतंकवादी या 'जिहादी' समझा, लेकिन जल्द ही यह स्पष्ट हो गया कि यह हमला एक सुनियोजित सैन्य अभियान था। ⚫️ यह युद्ध वर्ष 1999 की गर्मियों में कारगिल सेक्टर में मश्कोह घाटी से लेकर तुरतुक तक फैली 170 किलोमीटर लंबी पर्वतीय सीमा पर लड़ा गया था। भारतीय सेना ने ‘ऑपरेशन विजय’ की शुरुआत करके इसका जवाब दिया। ⚫️ वर्ष 2000 में द्रास में कारगिल युद्ध स्मारक की स्थापना भारतीय सेना द्वारा वर्ष 1999 में ऑपरेशन विजय की सफलता की याद में बनाया गया था। ⚫️ बाद में वर्ष 2014 में इसका जीर्णोद्धार किया गया। जम्मू और कश्मीर के कारगिल ज़िले के द्रास शहर में स्थित होने के कारण इसे "द्रास युद्ध स्मारक" के रूप में भी जाना जाता है।

photo content

🎉सभी Students के पास अब है मौका सेलिब्रेशन का!🎉 सभी के चहेते शिक्षक कुमार गौरव सर के जन्मदिन को बनाएँ ख़ास — 🎊 Utkarsh App
🎉सभी Students के पास अब है मौका सेलिब्रेशन का!🎉 सभी के चहेते शिक्षक कुमार गौरव सर के जन्मदिन को बनाएँ ख़ास — 🎊 Utkarsh App के सभी ऑनलाइन कोर्सेस पर पाएँ 🔥18% Extra Discount! 🎁अप्लाई करें Coupon Code: KGS18 ⏳ ऑफ़र सिर्फ़ 18 जुलाई, रात 11:59 बजे तक ही उपलब्ध है। 📚तो, देर किस बात की ! अपना मनचाहा कोर्स चुनिए और दमदार तैयारी शुरू करें!💥 📲Enroll Now: http://link.utkarsh.com/otyt

विश्व अंतर्राष्ट्रीय न्याय दिवस ⚫️ प्रतिवर्ष 17 जुलाई को विश्व अंतर्राष्ट्रीय न्याय दिवस मनाया जाता है। ⚫️ 17 जुलाई 1998 को र
विश्व अंतर्राष्ट्रीय न्याय दिवस ⚫️ प्रतिवर्ष 17 जुलाई को विश्व अंतर्राष्ट्रीय न्याय दिवस मनाया जाता है। ⚫️ 17 जुलाई 1998 को रोम संविधि को अपनाने के साथ ही अंतर्राष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (International Criminal Court - ICC) की स्थापना हुई। ⚫️ ICC संयुक्त राष्ट्र प्रणाली का हिस्सा नहीं है और संयुक्त राष्ट्र के साथ अपने संबंधों को नियंत्रित करने के लिये इसका एक अलग समझौता है। वर्तमान में 125 देश ICC के रोम संविधि के पक्षकार हैं। भारत रोम संविधि/ICCका पक्षकार नहीं है। ⚫️ ICC पहला स्थायी अंतर्राष्ट्रीय न्यायालय है और इसे 1 जुलाई 2002 को या उसके बाद किये गए नरसंहार, युद्ध अपराध, मानवता के विरुद्ध अपराध तथा आक्रामकता के अपराधों सहित अंतर्राष्ट्रीय कानून के तहत अपराधों पर अधिकार प्राप्त है। ⚫️ यह दिवस अंतर्राष्ट्रीय न्याय तंत्र तथा दंड से मुक्ति के मुद्दे को संबोधित करने तथा वैश्विक शांति एवं सुरक्षा को बढ़ावा देने में उनकी भूमिका के बारे में जागरूकता बढ़ाता है।

विश्व जनसंख्या दिवस ⚫️ प्रतिवर्ष 11 जुलाई को सम्पूर्ण विश्व में विश्व जनसंख्या दिवस मनाया जाता है। इसका उद्देश्य दुनिया भर में आबादी से जुड़े मुद्दों पर लोगों को जागरूक करना है। ⚫️ विश्व जनसंख्या दिवस की शुरुआत वर्ष 1989 में संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम की संचालन परिषद् ने की थी। ⚫️ दिसंबर, 1990 के संकल्प 45/216 द्वारा, संयुक्त राष्ट्र महासभा ने पर्यावरण और विकास के साथ संबंधों सहित जनसंख्या संबंधी मुद्दों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए विश्व जनसंख्या दिवस मनाना जारी रखने का निर्णय लिया। ⚫️ यह दिवस 11 जुलाई, 1990 को 90 से अधिक देशों में मनाया गया। ⚫️ विश्व जनसंख्या दिवस 2025 के लिए थीम “युवा लोगों को एक निष्पक्ष और आशापूर्ण दुनिया में अपने मनचाहे परिवार बनाने के लिए सशक्त बनाना।”। ⚫️ संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष (UNFPA) द्वारा 2025 में जारी रिपोर्ट के अनुसार विश्व की कुल जनसंख्या 8,232 मिलियन (8.2 बिलियन) है और भारत की जनसंख्या 1,463.9 है । ⚫️ दुनिया की आबादी को 1 बिलियन तक बढ़ने में सैकड़ों हज़ार साल लग गए , फिर सिर्फ़ 200 साल या उससे ज़्यादा समय में यह सात गुना बढ़ गई। 2011 में, वैश्विक जनसंख्या 7 बिलियन के आंकड़े तक पहुँच गई, 2021 में यह लगभग 7.9 बिलियन थी, और 2030 में इसके लगभग 8.5 बिलियन, 2050 में 9.7 बिलियन और 2100 में 10.9 बिलियन तक बढ़ने की उम्मीद है। ⚫️ 2007 पहला वर्ष था, जिसमें ग्रामीण क्षेत्रों की अपेक्षा शहरी क्षेत्रों में अधिक लोग रहते थे , तथा 2050 तक विश्व की लगभग 66 प्रतिशत जनसंख्या शहरों में रह रही होगी।

photo content

*ज्ञान का वास्तविक प्रकाश गुरु से प्राप्त होता है, जो हमें अज्ञानता से मुक्त कर जीवन के उच्चतम लक्ष्य तक पहुँचाता है। आप सभी
*ज्ञान का वास्तविक प्रकाश गुरु से प्राप्त होता है, जो हमें अज्ञानता से मुक्त कर जीवन के उच्चतम लक्ष्य तक पहुँचाता है। आप सभी को गुरु पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएँ ।*🙏

photo content

🌟 उत्कर्ष क्लासेस में नई ऊर्जा, नया नेतृत्व! 🌟 *सुभाष भौमिक होंगे नये सीईओ… देश की अग्रणी शैक्षणिक संस्था उत्कर्ष क्लासेस ने आज अपने प्रशासनिक ढाँचे में नई पदोन्नतियों व नियुक्तियों की घोषणा की है। यह एक ऐतिहासिक क्षण है, जो संस्था के दृढ़ नेतृत्व, नवाचार और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। 🙏 मुझे यह घोषणा करते हुए अत्यंत हर्ष हो रहा है कि: 🔹 श्री सुभाष भौमिक अब उत्कर्ष के नए CEO (chief executive officer) होंगे — सुभाष जी ने पिछले कुछ वर्षों से COO(  chief operating officer) के रूप में अपने अनुभव व नेतृत्व से टीम में नवचेतना का संचार किया है। 🔹 इसके साथ ही कई वरिष्ठ अधिकारियों को प्रमुख जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं — इसी कड़ी में अब सीबीओ के रूप में कार्य करने वाले अर्पित जी पारीक को चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर (सीओओ) की ज़िम्मेदारी सौंपी गई है जबकि वित्तीय प्रबंधन को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से फ़ाइनेंस हेड विजेंद्र जी शर्मा को चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (सीएफओ) के पद पर पदोन्नत किया गया है। शैक्षणिक गुणवत्ता और नवाचार को मजबूती देने हेतु उत्कर्ष की सीनियर फैकल्टी अक्षय गौड़ सर को चीफ एकेडमिक ऑफिसर (सीएओ) की भूमिका सौंपी गई हैं। इनके अलावा तकनीकी व प्रोडक्ट विकास के क्षेत्र में संस्था की अग्रणी भूमिका को बनाए रखने हेतु सीटीओ सौरभ जी जैन को चीफ टेक्नोलॉजी एंड प्रोडक्ट ऑफिसर (सीटीपीओ) नियुक्त किया गया है, वहीं संस्था की विस्तार योजना और विकास की रणनीतियों को गति देने के लिए शशांक जी रावत को चीफ ग्रोथ ऑफिसर (सीजीओ) बनाया गया है। 🔹 मैं अब संस्था के चेयरमैन तथा अनुज तरुण गहलोत अब वाइस चेयरमैन के रूप में मार्गदर्शक की भूमिका निभायेंगे। यह नेतृत्व संस्था की दीर्घकालीन दृष्टि, कार्यकुशलता व गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के मिशन को और अधिक मजबूती प्रदान करेगा। 🙏 आप सभी शुभचिंतकों व विद्यार्थियों से आग्रह है कि इस परिवर्तन को आत्मीयता से स्वीकार करें और इस नई टीम को अपना आशीर्वाद व सहयोग दें। -डॉ निर्मल गहलोत फाउंडर एवं चेयरमैन, उत्कर्ष क्लासेस

photo content

बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय ⚫️ भारत के महान उपन्यासकार एवं कवि बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय का जन्म 27 जून, 1838 को पश्चिम बंगाल में
बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय ⚫️ भारत के महान उपन्यासकार एवं कवि बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय का जन्म 27 जून, 1838 को पश्चिम बंगाल में हुआ था। ⚫️ उन्होंने संस्कृत में भारत के राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ की रचना की, जो स्वतंत्रता संग्राम के दौरान लोगों के लिए प्रेरणास्रोत बना। ⚫️ बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय 1891ई. तक कलकत्ता के डिप्टी कलेक्टर रहे। ⚫️ महाकाव्य उपन्यास आनंदमठ, संन्यासी विद्रोह (1770-1820) की पृष्ठभूमि से प्रभावित था और भारत को अपना राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् आनंदमठ से मिला। ⚫️ उन्होंने अपने साहित्यिक अभियान के माध्यम से बंगाल के लोगों को बौद्धिक रूप से प्रेरित किया। ⚫️ बंकिम चंद्र साहित्यिक अभियान के माध्यम से बंगाली भाषी लोगों की बुद्धि को उत्तेजित करके बंगाल के सांस्कृतिक पुनरुत्थान को लाना चाहते थे। इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए उन्होंने 1872 में बंगदर्शन नामक मासिक पत्रिका निकाली। ⚫️ उनके प्रसिद्ध उपन्यासों में कपालकुंडला, देवी चौधरानी, विष बृक्ष (द पॉइज़न ट्री), चंद्रशेखर, राजमोहन की पत्नी और कृष्णकांत’स विल शामिल हैं। ⚫️ 8 अप्रैल, 1894 को उनका निधन हो गया।

नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय दिवस 👉 प्रतिवर्ष 26 जून को संयुक्त राष्ट्र द्वारा नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय दिवस मनाया जाता है। 👉 इसका मुख्य उद्देश्य समाज पर नशीली दवाओं के दुरुपयोग के खतरनाक प्रभावों के बारे में जागरूकता का प्रसार करना तथा दुनिया को नशे से मुक्त करना है। 👉 वर्ष 2025 के लिए इस दिवस की थीम "लोग बाधाओं को तोड़नाः सभी के लिए रोकथाम, उपचार और पुनर्प्राप्ति” है। 👉 7 दिसंबर, 1987 को संयुक्त राष्ट्र महासभा ने प्रत्येक वर्ष 26 जून को नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय दिवस के रूप में मनाने का फैसला किया। 👉 इस दिवस की शुरुआत वर्ष 1989 में की गई थी। 👉 26 जून की तारीख को ग्वांगडोंग में लिन ज़ेक्सू द्वारा अफीम व्यापार को समाप्त करने के उपलक्ष्य में चुनी गई है। 👉 संयुक्त राष्ट्र की वर्ल्ड ड्रग रिपोर्ट के अनुसार, वैश्विक स्तर पर अवैध ड्रग का मूल्य प्रतिवर्ष 322 बिलियन अमेरिकी डॉलर है। 👉 भारत सरकार का सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग 26 जून 2025 को डॉ. अंबेडकर अंतर्राष्ट्रीय केंद्र, नई दिल्ली में नशीली दवाओं के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर एक कार्यक्रम आयोजित कर रहा है 👉 सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा नशा मुक्त भारत अभियान (एनएमबीए) चलाया जा रहा है,जो वर्तमान में देश के सभी जिलों में संचालित है, जिसका उद्देश्य युवाओं में मादक द्रव्यों के सेवन के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूकता पैदा करना है। 👉 अब तक, एनएमबीए ने विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से 15.78+ करोड़ लोगों को मादक द्रव्यों के सेवन के प्रति जागरूक किया गया है, जिनमें 5.26+ करोड़ युवा और 3.31+ करोड़ महिलाएँ शामिल हैं।

photo content

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 👉 प्रतिवर्ष 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (11वाँ संस्करण )का आयोजन किया जाता है। 👉 “योग” शब्द संस्कृत मूल युज से लिया गया है जिसका अर्थ है “शामिल होना”, “जुड़ना” या “एकजुट होना”, जो मन और शरीर की एकता, विचार और क्रिया, संयम और तृप्ति, मानव और प्रकृति के बीच सामंजस्य और स्वास्थ्य और तंदुरुस्ती के लिए एक समग्र दृष्टिकोण का प्रतीक है। 👉 विश्व स्तर पर सर्वप्रथम वर्ष 2015 में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का आयोजन किया गया था। 👉 11 दिसंबर, 2014 को ‘संयुक्त राष्ट्र महासभा’ के 69वें सत्र के दौरान एक प्रस्ताव पारित करके 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस/विश्व योग दिवस के रूप में मनाए जाने के लिये मान्यता दी गई थी। 👉 अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की स्थापना के लिए मसौदा प्रस्ताव भारत द्वारा प्रस्तावित किया गया था और रिकॉर्ड 175 सदस्य देशों द्वारा इसका समर्थन किया गया था। इस प्रस्ताव को सबसे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महासभा के 69वें सत्र के उद्घाटन के दौरान अपने संबोधन में पेश किया था, जिसमें उन्होंने कहा था: "योग हमारी प्राचीन परंपरा का एक अमूल्य उपहार है। योग मन और शरीर, विचार और क्रिया की एकता का प्रतीक है। 👉 इस दिवस के लिए वर्ष 2025 की थीम ‘एक पृथ्वी, एक स्वास्थ्य के लिए योग' है । 👉 योग को प्राचीन भारतीय कला के एक प्रतीक के रूप में देखा जाता है। 👉 जीवन को सकारात्मक और ऊर्जावान बनाए रखने में योग महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाता है। 👉 21 जून 2025 को विशाखापत्तनम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में समन्वित सामान्य योग प्रोटोकॉल सत्रों का आयोजन किया जाएगा।