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Study with देव

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Tag line:- "Actions Speak Louder Than Words". Public Health Nursing Officer (Level-8)

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📈 Аналітичний огляд Telegram-каналу Study with देव

Канал Study with देव (@studywithdev978) у мовному сегменті Англійська є активним учасником. На даний момент спільнота об'єднує 10 833 підписників, посідаючи 18 375 місце в категорії Освіта та 37 200 місце у регіоні Індія.

📊 Показники аудиторії та динаміка

З моменту свого створення невідомо, проект продемонстрував стрімке зростання, зібравши аудиторію у 10 833 підписників.

За останніми даними від 02 липня, 2026, канал демонструє стабільну активність. Хоча за останні 30 днів спостерігається зміна кількості учасників на -23, а за останні 24 години на -3, загальне охоплення залишається високим.

  • Статус верифікації: Не верифікований
  • Рівень залученості (ER): Середній показник залученості аудиторії становить 21.68%. Протягом перших 24 годин після публікації контент зазвичай збирає 13.20% реакцій від загальної кількості підписників.
  • Охоплення публікацій: В середньому кожен допис отримує 2 350 переглядів. Протягом першої доби публікація в середньому набирає 1 431 переглядів.
  • Реакції та взаємодія: Аудиторія активно підтримує контент: середня кількість реакцій на один пост – 5.
  • Тематичні інтереси: Контент зосереджений навколо ключових тем, таких як nursing, officer, आयोग, अध्यक्ष, rrb.

📝 Опис та контентна політика

Автор описує ресурс як майданчик для висловлення суб'єктивної думки:
Tag line:- "Actions Speak Louder Than Words". Public Health Nursing Officer (Level-8)

Завдяки високій частоті оновлень (останні дані отримано 03 липня, 2026), канал підтримує актуальність та високий рівень охоплення публікацій. Аналітика показує, що аудиторія активно взаємодіє з контентом, що робить його важливою точкою впливу в категорії Освіта.

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Архів дописів
प्रश्न 94: _______ शिशु और प्लेसेंटा को गर्भाशय से निकाला जाता है। (A) सिजेरियन हिस्टेरेक्टॉमी (B) क्लासिक सिजेरियन सेक्शन (C) हाई सेगमेंट सिजेरियन सेक्शन (D) लो सेगमेंट सिजेरियन सेक्शन (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (D) लो सेगमेंट सिजेरियन सेक्शन व्याख्या: शिशु और प्लेसेंटा को गर्भाशय से सर्जरी द्वारा निकालने की प्रक्रिया को सिजेरियन सेक्शन (C-section) कहते हैं। सिजेरियन सेक्शन के कई प्रकार होते हैं, लेकिन सबसे सामान्य और सुरक्षित तरीका लो सेगमेंट सिजेरियन सेक्शन (Low Segment Cesarean Section - LSCS) है। इस प्रक्रिया में, गर्भाशय के निचले, पतले हिस्से में एक छोटा चीरा लगाया जाता है, जिससे शिशु और प्लेसेंटा को आसानी से निकाला जा सकता है। यह विधि कम रक्तस्राव और तेजी से ठीक होने से जुड़ी है। (A) सिजेरियन हिस्टेरेक्टॉमी (Cesarean Hysterectomy) एक प्रक्रिया है जहाँ सिजेरियन सेक्शन के साथ-साथ गर्भाशय को भी हटा दिया जाता है, जो सामान्य प्रसव के लिए नहीं होता। (B) क्लासिक सिजेरियन सेक्शन (Classic Cesarean Section) में गर्भाशय के ऊपरी, संकुचनशील हिस्से में एक ऊर्ध्वाधर चीरा लगाया जाता था, जो अब जटिलताओं के कारण कम उपयोग किया जाता है। (C) हाई सेगमेंट सिजेरियन सेक्शन (High Segment Cesarean Section) भी एक प्रकार का सिजेरियन है लेकिन उतना सामान्य नहीं है जितना लो सेगमेंट सिजेरियन सेक्शन।

प्रश्न 93: पोलियो, सेरिब्रल पाल्सी, जन्मजात हृदयरोग के कारण, अपंग बच्चों को निम्न में वर्गीकृत किया गया है: (A) मानसिक रूप से विकलांग (B) शारीरिक रूप से विकलांग (C) सामाजिक रूप से विकलांग (D) मनोवैज्ञानिक रूप से विकलांग (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) शारीरिक रूप से विकलांग व्याख्या: पोलियो (Polio) एक वायरल रोग है जो तंत्रिका तंत्र को प्रभावित कर सकता है, जिससे मांसपेशियों में कमजोरी और पक्षाघात हो सकता है, जो शारीरिक विकलांगता का कारण बनता है। सेरिब्रल पाल्सी (Cerebral Palsy) मस्तिष्क क्षति के कारण होने वाली एक स्थिति है जो शरीर की गति और मांसपेशियों के समन्वय को प्रभावित करती है, जिसके परिणामस्वरूप शारीरिक विकलांगता होती है। जन्मजात हृदयरोग (Congenital Heart Disease) हृदय की संरचना में जन्मजात दोष होते हैं जो बच्चे की शारीरिक गतिविधि और विकास को प्रभावित कर सकते हैं, जिससे शारीरिक सीमाएँ आती हैं।

प्रश्न 92: हैजा उत्पन्न करने वाला जीव है - (A) विब्रियो कोलेरी (B) साल्मोनेला कोलेरा (C) साल्मोनेला कोलेरा सूईस (D) प्लाज्मोडियम कोलेरा (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (A) विब्रियो कोलेरी व्याख्या: हैजा (Cholera) एक तीव्र अतिसार रोग है जो विब्रियो कोलेरी (Vibrio cholerae) नामक जीवाणु के कारण होता है। यह जीवाणु दूषित पानी या भोजन के माध्यम से फैलता है।

प्रश्न 91: किसी व्यक्ति को प्रदान की गई सेवाएँ जो उसे सामाजिक और आर्थिक रूप से उत्पादक जीवन जीने में सक्षम बनाएगी - (A) प्रचार सेवाएँ (B) उपचारात्मक सेवाएँ (C) रेफरल सेवाएँ (D) निवारक सेवाएँ (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) उपचारात्मक सेवाएँ व्याख्या: आइए प्रत्येक विकल्प का विश्लेषण करें: (A) प्रचार सेवाएँ (Promotional Services): ये सेवाएँ जागरूकता बढ़ाने या किसी उत्पाद/सेवा को बढ़ावा देने के लिए होती हैं। इनका सीधा संबंध व्यक्ति को सामाजिक और आर्थिक रूप से उत्पादक बनाने से नहीं है, हालांकि अप्रत्यक्ष रूप से ये जानकारी प्रदान कर सकती हैं। (B) उपचारात्मक सेवाएँ (Curative Services): ये वे सेवाएँ हैं जो किसी बीमारी, चोट या स्थिति का इलाज करती हैं या उसे ठीक करती हैं। जब कोई व्यक्ति स्वस्थ होता है, तो वह सामाजिक और आर्थिक गतिविधियों में अधिक प्रभावी ढंग से भाग ले सकता है। उदाहरण के लिए, यदि कोई बीमार व्यक्ति उपचार प्राप्त करता है, तो वह ठीक होकर फिर से काम करने या समाज में योगदान करने में सक्षम हो सकता है। इस प्रकार, ये सेवाएँ व्यक्ति को उत्पादक जीवन जीने में सक्षम बनाती हैं। (C) रेफरल सेवाएँ (Referral Services): ये किसी व्यक्ति को विशिष्ट देखभाल या सेवाओं के लिए अन्य विशेषज्ञों या संस्थानों के पास भेजने से संबंधित हैं। ये स्वयं में सीधे उत्पादक जीवन के लिए सक्षम नहीं बनातीं, बल्कि उत्पादक बनाने वाली सेवाओं तक पहुँचने में मदद करती हैं। (D) निवारक सेवाएँ (Preventive Services): ये सेवाएँ बीमारी को होने से रोकने पर ध्यान केंद्रित करती हैं (जैसे टीकाकरण, स्वास्थ्य शिक्षा)। जबकि ये स्वस्थ जीवन के लिए महत्वपूर्ण हैं और अप्रत्यक्ष रूप से उत्पादकता बढ़ाती हैं, प्रश्न "सक्षम बनाएगी" शब्द का उपयोग करता है, जो बीमारी या अक्षमता के बाद व्यक्ति को फिर से सक्षम बनाने पर अधिक जोर देता है, जिसके लिए उपचारात्मक सेवाएँ अधिक उपयुक्त हैं। यदि कोई व्यक्ति बीमार या अक्षम है, तो उसे ठीक करने वाली सेवाएँ ही उसे 'उत्पादक जीवन जीने में सक्षम' बनाएंगी।

प्रश्न 90: पीने के पानी के लिए, अवशिष्ट क्लोरीन का न्यूनतम स्तर अनुशंसित है। (A) 0.1 पीपीएम से 0.4 पीपीएम (B) 0.2 पीपीएम से 0.5 पीपीएम (C) 0.3 पीपीएम से 0.6 पीपीएम (D) 0.4 पीपीएम से 0.7 पीपीएम (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) 0.2 पीपीएम से 0.5 पीपीएम व्याख्या: पेयजल को कीटाणुमुक्त करने के लिए क्लोरीन का उपयोग व्यापक रूप से किया जाता है। पानी में एक निश्चित मात्रा में अवशिष्ट क्लोरीन (residual chlorine) बनाए रखना महत्वपूर्ण है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि पानी वितरण प्रणाली में भी कीटाणुमुक्त रहे। विभिन्न स्वास्थ्य संगठन और मानक निकायों द्वारा अनुशंसित पीने के पानी में अवशिष्ट क्लोरीन का न्यूनतम स्तर आमतौर पर 0.2 पीपीएम (पार्ट्स पर मिलियन) से 0.5 पीपीएम की सीमा में होता है। यह सीमा यह सुनिश्चित करती है कि पानी वितरण के दौरान भी सुरक्षित रहे और उसमें कोई नया संदूषण न हो।

प्रश्न 89: मस्तिष्क के स्वरूप का उसका नियंत्रण केंद्रों से मिलान करें: कॉलम-I (मस्तिष्क का स्वरूप) कॉलम-II (नियंत्रण केंद्र) i. अग्रमस्तिष्क a. श्वसन, परिसंचरण, पाचन जैसी महत्वपूर्ण गतिविधियों के लिए। ii. मध्य मस्तिष्क b. तंत्रिका तंत्र की गतिविधियों को एकीकृत करने के लिए। iii. पश्च मस्तिष्क c. दृश्य और श्रवण प्रतिवर्त के लिए। निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें: (A) i-b, ii-c, iii-a (B) i-e, ii-b, iii-a (C) i-c, ii-a, iii-b (D) i-a, ii-c, iii-b (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (A) i-b, ii-c, iii-a व्याख्या: मस्तिष्क के विभिन्न भाग अलग-अलग कार्यों को नियंत्रित करते हैं: i. अग्रमस्तिष्क (Forebrain): यह मस्तिष्क का सबसे बड़ा और सबसे विकसित हिस्सा है। यह विचार, भावनाएं, स्मृति, संवेदी प्रसंस्करण, स्वैच्छिक आंदोलन और तंत्रिका तंत्र की गतिविधियों को एकीकृत करने (b) के लिए जिम्मेदार होता है। ii. मध्य मस्तिष्क (Midbrain): यह अग्रमस्तिष्क और पश्च मस्तिष्क के बीच स्थित होता है। यह दृश्य और श्रवण प्रतिवर्त (c), नींद-जागने के चक्र और सतर्कता को नियंत्रित करने में भूमिका निभाता है। iii. पश्च मस्तिष्क (Hindbrain): इसमें मेडुला ऑबलोंगेटा (medulla oblongata), पोंस (pons) और सेरिबेलम (cerebellum) शामिल हैं। मेडुला ऑबलोंगेटा जैसी संरचनाएं श्वसन, परिसंचरण (हृदय गति और रक्तचाप), पाचन (a) जैसी महत्वपूर्ण अनैच्छिक गतिविधियों को नियंत्रित करती हैं।

प्रश्न 88: पोषक तत्व को उसकी कमी से होने वाले रोग से मिलान करें: कॉलम-I (पोषक तत्व) कॉलम-II (कमी से होने वाला रोग) i. विटामिन A a. पेलाग्रा ii. राइबोफ्लेविन b. सांधाक्षिक रक्तहीनता iii. साइनोकोबालमिन c. रतौंधी iv. नियासिन d. ग्लोससाइटिस निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें: (A) i-a, ii-b, iii-c, iv-d (B) i-b, ii-c, iii-d, iv-a (C) i-c, ii-d, iii-b, iv-a (D) i-c, ii-d, iii-a, iv-b (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (C) i-c, ii-d, iii-b, iv-a व्याख्या: आइए प्रत्येक पोषक तत्व को उसकी कमी से होने वाले रोग से मिलाएं: i. विटामिन A: विटामिन A की कमी से रतौंधी (c) होती है, जो अंधेरे में देखने की क्षमता में कमी है। ii. राइबोफ्लेविन (विटामिन B2): राइबोफ्लेविन की कमी से ग्लोससाइटिस (d) (जीभ की सूजन), कीलोसिस (मुंह के कोनों में दरारें) और अन्य त्वचा संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। iii. साइनोकोबालमिन (विटामिन B12): साइनोकोबालमिन की कमी से सांधाक्षिक रक्तहीनता (b) (पर्निशियस एनीमिया) होती है, जो एक प्रकार का मेगालोब्लास्टिक एनीमिया है। iv. नियासिन (विटामिन B3): नियासिन की कमी से पेलाग्रा (a) रोग होता है, जिसके लक्षणों में डर्मेटाइटिस (त्वचा की सूजन), डायरिया और डिमेंशिया शामिल हैं।

Response खत्म हो गया यार

प्रश्न 87: प्लाज्मा सोडियम का सामान्य स्तर _____ mmol/L और पोटेशियम का _____ mmol/L होता है। (A) 116 - 125 ; 1.5 - 3.0 (B) 126 - 135 ; 2.5 - 4.0 (C) 136 - 145 ; 3.5 - 5.0 (D) 146 - 155 ; 4.5 - 6.0 (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (C) 136 - 145 ; 3.5 - 5.0 व्याख्या: मानव शरीर में प्लाज्मा में सोडियम और पोटेशियम दोनों महत्वपूर्ण इलेक्ट्रोलाइट्स होते हैं जो विभिन्न शारीरिक कार्यों के लिए आवश्यक होते हैं, जैसे कि द्रव संतुलन, तंत्रिका आवेग संचरण और मांसपेशियों का संकुचन। प्लाज्मा सोडियम का सामान्य स्तर: आमतौर पर 135 से 145 mmol/L होता है। विकल्प (C) में 136 - 145 mmol/L दिया गया है, जो इस सीमा के भीतर है। प्लाज्मा पोटेशियम का सामान्य स्तर: आमतौर पर 3.5 से 5.0 mmol/L होता है। विकल्प (C) में 3.5 - 5.0 mmol/L दिया गया है, जो बिल्कुल सही है।

प्रश्न 86: आईटी अधिनियम की धारा 57 के तहत साइबर अपीलीय न्यायाधिकरण में अपील कौन कर सकता है? (A) केवल सरकार (B) कोई भी व्यक्ति जिसे नियंत्रक या निर्णय अधिकारी द्वारा दिए गए आदेश से नुकसान हुआ हो (C) केवल साइबर अपीलीय न्यायाधिकरण (D) केवल मामले में शामिल पक्ष (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) कोई भी व्यक्ति जिसे नियंत्रक या निर्णय अधिकारी द्वारा दिए गए आदेश से नुकसान हुआ हो व्याख्या: सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 (Information Technology Act, 2000) की धारा 57 के तहत, कोई भी व्यक्ति (जो एक नियंत्रक या निर्णय अधिकारी द्वारा पारित किसी आदेश या निर्णय से व्यथित है) साइबर अपीलीय न्यायाधिकरण (Cyber Appellate Tribunal - CAT) के समक्ष अपील दायर कर सकता है। यह प्रावधान सुनिश्चित करता है कि जिन व्यक्तियों के अधिकारों का उल्लंघन हुआ है या जो किसी निर्णय से असहमत हैं, उनके पास न्याय प्राप्त करने का एक मंच हो।

प्रश्न 85: अभिकथन (A): सॉफ्टवेयर-एज-ए-सर्विस (SaaS) उपयोगकर्ताओं को सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन को इंस्टॉल और कॉन्फ़िगर करने की आवश्यकता होती है। कारण (R): सॉफ्टवेयर-एज-ए-सर्विस (SaaS) उपयोगकर्ताओं को सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन तक ऑन-डिमांड एक्सेस प्रदान करता है, बिना इंस्टॉलेशन या कॉन्फ़िगरेशन की आवश्यकता के। निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें: (A) (A) और (R) दोनों सत्य हैं और (R), (A) की सही व्याख्या है। (B) (A) और (R) दोनों सत्य हैं, लेकिन (R), (A) की सही व्याख्या नहीं है। (C) (A) सत्य है, लेकिन (R) गलत है। (D) (A) गलत है, लेकिन (R) सत्य है। (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (D) (A) गलत है, लेकिन (R) सत्य है। व्याख्या: आइए अभिकथन और कारण का विश्लेषण करें: अभिकथन (A): "सॉफ्टवेयर-एज-ए-सर्विस (SaaS) उपयोगकर्ताओं को सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन को इंस्टॉल और कॉन्फ़िगर करने की आवश्यकता होती है।" यह कथन गलत है। SaaS का मुख्य लाभ यह है कि उपयोगकर्ता को सॉफ्टवेयर को स्थानीय रूप से (अपने कंप्यूटर पर) इंस्टॉल या कॉन्फ़िगर करने की आवश्यकता नहीं होती है। यह सीधे वेब ब्राउज़र के माध्यम से एक्सेस किया जाता है और सेवा प्रदाता द्वारा होस्ट और प्रबंधित किया जाता है। कारण (R): "सॉफ्टवेयर-एज-ए-सर्विस (SaaS) उपयोगकर्ताओं को सॉफ्टवेयर एप्लिकेशन तक ऑन-डिमांड एक्सेस प्रदान करता है, बिना इंस्टॉलेशन या कॉन्फ़िगरेशन की आवश्यकता के।" यह कथन सत्य है। SaaS एक क्लाउड-आधारित सेवा मॉडल है जहाँ सॉफ्टवेयर को केंद्रीय रूप से होस्ट किया जाता है और उपयोगकर्ता इंटरनेट के माध्यम से "ऑन-डिमांड" एक्सेस करते हैं। इसका मतलब है कि इंस्टॉलेशन, रखरखाव और कॉन्फ़िगरेशन की जिम्मेदारी सेवा प्रदाता की होती है, न कि उपयोगकर्ता की।

प्रश्न 84: बूटस्ट्रैप प्रोग्राम कहाँ संग्रहित होता है? (A) रैम (RAM) (B) रोम (ROM) (C) हार्ड डिस्क (D) पेन ड्राइव (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) रोम (ROM) व्याख्या: बूटस्ट्रैप प्रोग्राम, जिसे आमतौर पर BIOS (Basic Input/Output System) या आधुनिक सिस्टम में UEFI (Unified Extensible Firmware Interface) के रूप में जाना जाता है, एक कंप्यूटर को बूट करने के लिए आवश्यक प्रारंभिक निर्देश होते हैं। ये निर्देश ROM (Read-Only Memory) में संग्रहित होते हैं। ROM एक गैर-वाष्पशील मेमोरी है, जिसका अर्थ है कि कंप्यूटर बंद होने पर भी इसमें संग्रहित डेटा बना रहता है। जब कंप्यूटर चालू होता है, तो सीपीयू सबसे पहले ROM में मौजूद बूटस्ट्रैप प्रोग्राम को निष्पादित करता है, जो फिर ऑपरेटिंग सिस्टम को लोड करने की प्रक्रिया शुरू करता है।

प्रश्न 83: GPS के यूज़र सेगमेंट (उपयोगकर्ता खंड) में क्या होता है? (A) पृथ्वी के चारों ओर परिक्रमा करते हुए उपग्रह (B) ग्राउंड कंट्रोल (नियंत्रण) स्टेशन (C) GPS संकेतों को प्रोसेस करने वाले डेटा सेंटर्स (D) रिसीवर जो हाथ में पकड़े जा सकते हैं या कारों में माउंट किए जा सकते हैं (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (D) रिसीवर जो हाथ में पकड़े जा सकते हैं या कारों में माउंट किए जा सकते हैं व्याख्या: GPS (Global Positioning System) तीन मुख्य सेगमेंट से बना है: स्पेस सेगमेंट (Space Segment): इसमें पृथ्वी के चारों ओर परिक्रमा करने वाले उपग्रह शामिल हैं जो GPS सिग्नल भेजते हैं। कंट्रोल सेगमेंट (Control Segment): इसमें ग्राउंड कंट्रोल स्टेशन शामिल हैं जो उपग्रहों की निगरानी और नियंत्रण करते हैं। यूज़र सेगमेंट (User Segment): इसमें GPS रिसीवर शामिल हैं जो उपग्रहों से सिग्नल प्राप्त करते हैं और उन्हें स्थिति, गति और समय की गणना करने के लिए उपयोग करते हैं। ये रिसीवर हाथ में पकड़े जा सकते हैं (जैसे स्मार्टफोन, हैंडहेल्ड GPS डिवाइस) या कारों, जहाजों, विमानों आदि में माउंट किए जा सकते हैं।

व्याख्या: आइए प्रत्येक मालवेयर पहचान पद्धति और उसके सही विवरण का मिलान करें: a. सिग्नेचर-आधारित पहचान (Signature-based detection): यह ज्ञात मालवेयर का पता लगाने के लिए एक डेटाबेस (जिसे Virus Definition File - VDF कहते हैं) का उपयोग करता है जो नियमित रूप से अपडेट होता है। यह विशिष्ट "सिग्नेचर" (पेटर्न) की तलाश करता है जो पहले से ज्ञात वायरस से मेल खाते हों। (a-3) b. सैंडबॉक्स पहचान (Sandbox detection): इसमें एक संदेहपूर्ण फाइल को एक अलग, सुरक्षित और नियंत्रित वातावरण (वर्चुअल वातावरण) में चलाया जाता है। इस वातावरण में फाइल के व्यवहार को देखा जाता है ताकि यह पता लगाया जा सके कि यह संभावित खतरा है या नहीं, बिना मुख्य सिस्टम को जोखिम में डाले। (b-1) c. डेटा माइनिंग तकनीकें (Data mining techniques): ये तकनीकें विशाल डेटासेट से पैटर्न, रुझान और उपयोगी जानकारी निकालने पर ध्यान केंद्रित करती हैं। मालवेयर पहचान के संदर्भ में, डेटा माइनिंग का उपयोग बड़ी मात्रा में फाइल डेटा का विश्लेषण करके मालवेयर के पैटर्न को समझने और उन्हें benign (हानिरहित) या malicious (दुर्भावनापूर्ण) के रूप में वर्गीकृत करने के लिए किया जा सकता है। (c-5) d. ह्यूरिस्टिक्स (Heuristics): यह एक ऐसी तकनीक है जो किसी फाइल के व्यवहार या संरचना का विश्लेषण करके यह अनुमान लगाती है कि क्या वह दुर्भावनापूर्ण हो सकती है, भले ही उसका कोई ज्ञात सिग्नेचर न हो। यह फाइलों के व्यवहार को समझने के लिए तकनीकों का उपयोग करता है और उसे benign या malicious के रूप में वर्गीकृत करता है। (d-2) हालाँकि, विवरण 2 सोर्स कोड की तुलना की बात करता है, जो ह्यूरिस्टिक्स का एक विशिष्ट पहलू नहीं है (यह अधिक जेनेरिक है)। e. रियल-टाइम सुरक्षा (Real-time protection): यह लगातार सिस्टम पर चल रही गतिविधियों और प्रक्रियाओं की निगरानी करता है। इसका उद्देश्य एप्लिकेशन के एक्जीक्यूशन के दौरान उसके व्यवहार की निगरानी करना है ताकि dormant (निष्क्रिय) या activated (सक्रिय) मालवेयर का पता लगाया जा सके और उसे रोका जा सके। (e-4)

प्रश्न 82: निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें: (A) a-4, b-1, c-2, d-5, e-3 (B) a-1, b-4, c-2, d-3, e-5 (C) a-3, b-1, c-5,
प्रश्न 82: निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें: (A) a-4, b-1, c-2, d-5, e-3 (B) a-1, b-4, c-2, d-3, e-5 (C) a-3, b-1, c-5, d-2, e-4 (D) a-5, b-3, c-1, d-4, e-2 (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (C) a-3, b-1, c-5, d-2, e-4

प्रश्न 81: कौन-सा सर्च ऑपरेटर उन सभी निर्दिष्ट कीवर्ड्स को शामिल करने वाले परिणाम लौटाएगा? (A) OR (B) "" (C) AND (D) ... (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (C) AND व्याख्या: सर्च इंजन और डेटाबेस में, बूलियन ऑपरेटर (Boolean Operators) का उपयोग खोज परिणामों को परिष्कृत करने के लिए किया जाता है। AND: जब आप दो या दो से अधिक कीवर्ड के बीच "AND" ऑपरेटर का उपयोग करते हैं, तो खोज इंजन ऐसे परिणाम लौटाएगा जिनमें सभी निर्दिष्ट कीवर्ड मौजूद हों। उदाहरण के लिए, "apple AND orange" उन सभी दस्तावेजों को खोजेगा जिनमें "apple" और "orange" दोनों शब्द हों। OR: "OR" ऑपरेटर का उपयोग करने पर, खोज इंजन ऐसे परिणाम लौटाएगा जिनमें कोई भी निर्दिष्ट कीवर्ड मौजूद हो। उदाहरण के लिए, "apple OR orange" उन सभी दस्तावेजों को खोजेगा जिनमें "apple" या "orange" या दोनों शब्द हों। "" (कोटेशन मार्क्स): कोटेशन मार्क्स का उपयोग सटीक वाक्यांश खोजने के लिए किया जाता है। खोज इंजन केवल वही परिणाम लौटाएगा जिनमें कीवर्ड ठीक उसी क्रम में और एक साथ हों जैसा कि कोटेशन मार्क्स के अंदर लिखा गया है। उदाहरण के लिए, "red apple" केवल उन दस्तावेजों को खोजेगा जिनमें यह सटीक वाक्यांश हो। ... (एलिप्सिस): यह सामान्य रूप से एक सर्च ऑपरेटर के रूप में उपयोग नहीं होता है, बल्कि एक रेंज को इंगित करने के लिए हो सकता है (जैसे "2000...2010" वर्षों के लिए), लेकिन यह विशिष्ट कीवर्ड को शामिल करने वाले परिणामों को लौटाने के लिए नहीं है।

प्रश्न 80: कैश में डेटा को संग्रहीत करने का उद्देश्य: (निम्न में से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनें) (A) स्टोरेज स्थान बचाने के लिए (B) औसत एक्सेस समय कम करने के लिए (C) अप्रासंगिक डेटा को डुप्लीकेट करने के लिए (D) डेटा को स्थायी रूप से संग्रहीत करने के लिए (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) औसत एक्सेस समय कम करने के लिए व्याख्या: कैश मेमोरी (Cache Memory) एक बहुत छोटी, तीव्र गति वाली मेमोरी होती है जो सीपीयू (CPU) और मुख्य मेमोरी (RAM) के बीच स्थित होती है। इसका मुख्य उद्देश्य औसत एक्सेस समय (average access time) को कम करना है। सीपीयू को अक्सर उसी डेटा और निर्देशों की आवश्यकता होती है जिनका उसने हाल ही में उपयोग किया है। कैश मेमोरी उन डेटा और निर्देशों को अस्थायी रूप से संग्रहीत करती है जिनकी सीपीयू को बार-बार आवश्यकता होने की संभावना होती है। जब सीपीयू को किसी डेटा की आवश्यकता होती है, तो वह पहले कैश में देखता है। यदि डेटा कैश में मिल जाता है (जिसे "कैश हिट" कहते हैं), तो उसे बहुत तेज़ी से एक्सेस किया जा सकता है, क्योंकि कैश रैम की तुलना में बहुत तेज़ होती है। यदि डेटा कैश में नहीं मिलता है (जिसे "कैश मिस" कहते हैं), तो सीपीयू को रैम से डेटा प्राप्त करना पड़ता है, जिसमें अधिक समय लगता है।

प्रश्न 79: B.C.G. टीके का पूर्ण रूप क्या है? (A) बेसिलस कालमेट ग्यूरिन (B) बेसिलस क्लाईमेट ग्यूरिन (C) बेसिलस कालमेट गोइटर (D) बैक्टीरियल कालमेट ग्यूरिन (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (A) बेसिलस कालमेट ग्यूरिन व्याख्या: B.C.G. का पूर्ण रूप बेसिलस कालमेट ग्यूरिन (Bacillus Calmette-Guérin) है। यह एक टीका है जिसका उपयोग मुख्य रूप से तपेदिक (Tuberculosis - TB) रोग के खिलाफ किया जाता है। इसका नाम इसे विकसित करने वाले दो फ्रांसीसी वैज्ञानिकों - अल्बर्ट कालमेट (Albert Calmette) और कैमिल्स ग्यूरिन (Camille Guérin) के नाम पर रखा गया है।

प्रश्न 78:सामान्य क्षेत्र में एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कितनी जनसंख्या पर स्थापित होता है? (A) 1,00,000 (B) 20,000 (C) 80,000 (D) 1,20,000 (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (A) 1,00,000 व्याख्या: भारत में स्वास्थ्य सेवा वितरण प्रणाली के तहत, विभिन्न स्तरों पर स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थापना की जाती है, जिनकी जनसंख्या कवरेज भिन्न होती है: उप-केंद्र (Sub-Centre): सामान्य क्षेत्रों में 3,000-5,000 की जनसंख्या पर। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (Primary Health Centre - PHC): सामान्य क्षेत्रों में 20,000-30,000 की जनसंख्या पर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (Community Health Centre - CHC): सामान्य क्षेत्रों में 80,000 से 1,20,000 की जनसंख्या पर स्थापित होते हैं।

प्रश्न 77:M.T.P. एक्ट कब लागू हुआ? (A) 1970 (B) 1971 (C) 1871 (D) 1981 (E) अनुत्तरित प्रश्न सही उत्तर: (B) 1971 व्याख्या: भारत में चिकित्सा समापन गर्भावस्था (M.T.P. - Medical Termination of Pregnancy) एक्ट को 1971 में कानून बनाया गया था। यह एक्ट कुछ विशिष्ट परिस्थितियों में पंजीकृत चिकित्सकों द्वारा गर्भपात की अनुमति देता है। इस एक्ट में 2021 में संशोधन भी किए गए हैं ताकि कुछ परिस्थितियों में गर्भपात की अधिकतम अवधि को बढ़ाया जा सके।