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ᴍᴀᴋᴇ ᴀᴅᴍɪɴ @KANHA24_93 𝘀𝗼𝗺𝝴 𝘀𝞃𝗼𝗿𝝸𝞊𝘀 𝝰𝝶𝗱 𝘄𝝸𝞃𝗵𝗼𝞄𝞃 𝗴𝗼𝗼𝗱𝗯𝝲𝝴𝘀...- - ❤️‍🩹 !

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तमाशा सच्चे लोग का ही होता है, झूठे लोगों की तो तारीफ़ होती है...!!

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गाँव की बीड़ी पीती औरते....शहर की सिगरेट पीती लड़कियों को चरित्रहीन् मानती है,, सिगरेट और बीड़ी...दोनो स्वास्थ के लिए हानिकारक है।। 🚬🚬
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हमारे संस्कारो में तो यारा.... कब्र भी नही होती।। तू मुझसे माफ़ी माँगने...फिर कहा आएगा ।। 🔥
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. मै मर जाऊं ये खबर ही काफ़ी है उसके लिए मै क्यो मरु इस्से उसे कोई फरक नही पडता @Sanaya_10_13✨ .
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“ तीर भी अपना था…” जिसे अपना समझा, वही वार कर गया, मेरे ही दिल को मुझसे बेकार कर गया। वो हाथ में कमान लिए खड़ी रही, और मैं उसे देखकर भी प्यार कर गया। कहती रही कि दर्द तुझे देना नहीं, फिर भी वो दिल पे एक निशान कर गया। हमने तो उम्र भर उसे अपना कहा, वो एक पल में रिश्ता इनकार कर गया। टूटा हुआ है दिल, मगर शिकवा नहीं, वो छोड़कर भी मुझ पे एहसान कर गया। अब किससे पूछूँ प्यार की कीमत यहाँ, जिसको दिया था दिल, वही व्यापार कर गया। “कन्हा” ये कैसी मोहब्बत थी मेरी, वो तीर चलाता रहा… मैं इंतज़ार कर गया। 🥀💔 Kanha ✍
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“सारे इल्ज़ाम कबूल हैं” मेरे प्यार का तमाशा बना दिया उसने, फिर मुझे ही गुनहगार बना दिया उसने। शायद मेरी मोहब्बत में ही कमी थी कोई, इसीलिए मुझ पे इतने इल्ज़ाम लगा दिए उसने। मैंने हर बात को चुपचाप सह लिया लेकिन, उसके सारे ही इल्ज़ाम कबूल हैं मुझे। जिसके लिए रातें सड़क पर गुज़ारी मैंने, जिसके लिए अपनी ज़िंदगी तक हार गया, वो कहती है—“तुमने तो बस टाइम पास किया…” ये सुनकर भी मैं चुप ही रहा… क्या कहता उसे। नौकरी छोड़ी, खुद को भी पीछे छोड़ दिया, उसकी ख़ुशी के लिए अपना जहाँ छोड़ दिया। जिसे लगा था कि मैं उसका रहूँगा उम्र भर, उसने एक झटके में मेरा हाथ छोड़ दिया। मुझे उस पर बड़ा घमंड था, माधव, लगा था वो दुनिया से सबसे अलग होगी… क्या पता था— चेहरे अलग होंगे, मगर दर्द देने वाले सब एक जैसे होंगे। अब किसी को अपना कहने की हिम्मत नहीं होती, फिर से मोहब्बत करने की चाहत नहीं होती। जिसे दिल से चाहा, उसी ने ये सिखा दिया— हर किसी के सामने दिल खोलना इबादत नहीं होती। वो खुश रहे… जिसने मुझे अंदर से तोड़ा है, मैं उसकी ख़ुशी में भी अपनी दुआ रखता हूँ। बस इतना सा गिला है उस बेवफ़ा से— मैंने उसे अपना सब कुछ दिया था, उसने मुझे अपना “कुछ भी नहीं” समझा। और हाँ माधव, अगर मेरी किस्मत ही खराब थी तो ठीक है, उसके लगाए सारे इल्ज़ाम भी ठीक हैं… बस कभी उसे मेरी ख़ामोशी पढ़ने का वक्त मिले, तो पता चलेगा— जिसे वो “टाइम पास” कहती रही, वो आदमी सच में उस पर अपनी पूरी ज़िंदगी हार बैठा था। कान्हा✍
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जो अपने थे, वही दिल को पराया कर गए, हम उनके थे, वो हमको ही तमाशा कर गए। हमने तो हर दुआ में बस उनका नाम रखा, वो मेरी हर दुआ को बेअसर-सा कर गए। जिसके लिए खुद को भी भुला बैठे थे हम, वो शख़्स हमें यादों में तन्हा कर गए। कहते थे उम्र भर तेरा साथ देंगे हम, दो चार कदम चले और रास्ता बदल गए। मैं आज भी उसी मोड़ पे ठहरा हुआ हूँ, जहाँ वो हाथ छोड़कर आगे निकल गए। कुछ इस तरह से टूटा हूँ उसके जाने के बाद, कि आईना भी देखूँ तो सवाल कर गए। मोहब्बत में हार जाना कोई ग़म नहीं था, ग़म ये है कि वो जीतकर भी मेरे न रहे। 🥀😭 Kanha✍💔
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पसंदीदा लड़की तेरी हँसी में कोई दिलकश-सी बात रहती है, मेरी आँखों में तेरी सारी रात रहती है। तू जो घर में हो तो हर चीज़ महकती-सी लगे, तेरे होने से ही घर में मेरी सौगात रहती है। तू ख़मोश रहे, फिर भी दिल समझ लेता है, तेरी ख़ामोशी में भी एक मुलाक़ात रहती है। तू ख़ुश रहे—बस यही दिल की दुआ है मेरी, मेरी दुआ में कहाँ अपनी कोई फ़रियाद रहती है। तू क़रीब आए तो दुनिया बहुत छोटी लगे, तू जो दूर हो तो दिल में पूरी कायनात रहती है। राधे, उसे चाहना इतना भी आसान नहीं— उसकी याद आए तो आँखों में बरसात रहती है। #राधे
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“ अधूरी बात” फोन हाथों में था, बात मगर होती नहीं, जिससे कहना था बहुत, उससे नज़र मिलती नहीं। वो कहे “ठीक हूँ”, आवाज़ बता देती है, कुछ मोहब्बत में कभी दर्द छुपा रहता नहीं। मैंने पूछा भी नहीं, उसने बताया भी नहीं, हम दोनों के बीच अब कोई वजह बचती नहीं। जिसको खोने का कभी ख्वाब भी देखा न था, आज वो सामने हो, फिर भी मेरी होती नहीं। रात भर उसका ही नंबर मैं निहारता हूँ, दिल समझता है मगर आँख ये मानती नहीं। उसने कहा था कि “भूलोगे तो बेहतर होगा”, याद ऐसी है कि मरकर भी ये जाती नहीं। मैंने चाहा था उसे आख़िरी साँसों तक मगर, कुछ मोहब्बतें मुकम्मल कभी होती नहीं। 😭🥀 Kanha✍💔
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यूट्यूब के Ads की तरह इग्नोर करने वाली वो और ChatGpt की तरह फ़ास्ट रिप्लाई करने वाला मैं.. 🙂‍↔️🙂‍↔️
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सूखती 🌼स्याही*༺♥️༻
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कि मुर्शद तुम्हारे साथ से कई बेहतर… . मुझे मेरा अकेला पण लगता है… . बडा लाजवाब तौफा दिया है तुमने… . @Sanaya_10_13✨
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वाह माधव… 🍂 कैसी दुनिया बनाई आपने, जिसके लिए मैं खुद को मिटाता गया, आज वही मुझे धोखेबाज़ और गद्दार कहते हैं। 😔 जिसके सामने अपनी self-respect तक रख दी थी, आज वही मेरे किरदार पर सवाल उठाते हैं। माधव, ज़रा आप ही बताइए… क्या सच्ची मोहब्बत का यही सिला होता है? 🍂 हाँ, माना मैंने झूठ बोले थे, बहुत से झूठ बोले थे… मगर उन झूठों के पीछे भी एक ही डर था— कहीं मेरी वजह से उन्हें दुख न हो जाए। 💔 उनके वादे झूठे निकले, मगर मेरी मोहब्बत तो सच्ची थी ना माधव… फिर सज़ा सिर्फ मुझे क्यों मिली? उस दिन मैं खुद कहकर गया था कि मैंने वो नहीं किया… मगर बिना मेरी बात जाने मेरे ऊपर इल्ज़ाम लगा दिया गया। फिर एक नहीं, कई नाम दे दिए— धोखेबाज़… गद्दार… बेईमान। 😠 माधव, धोखा तो मुझे मिला है… और जितनी तकलीफ़ उन्होंने दी, उतनी तो मेरे दुश्मनों ने भी नहीं दी। मेरे बारे में जानना हो तो कभी मुझसे पूछ लिया होता, मेरे बारे में किसी और से सुनकर फैसला सुनाने की क्या जल्दी थी? और उनके उस यार को मैं बदनाम करके आख़िर हासिल क्या कर लूँगा? वो कोई मुख्यमंत्री तो है नहीं कि मुझे उसकी CM की कुर्सी चाहिए। 😂 अब तो शायद दोनों खुश रहते होंगे… तो रहने दो माधव, मेरी तरफ़ से भी उन्हें खुशियाँ देना। 🙏🏻 बस एक बात समझ नहीं आई— झूठे इल्ज़ाम लगाने की ज़रूरत ही क्या थी? एक बार कह देते, “कान्हा, अब दूर चले जाओ…” मैं हँसते हुए निकल जाता, दिल पर पत्थर रखकर निकल जाता… मगर कम से कम अपने ही लोगों की नज़रों में गद्दार बनकर तो नहीं निकलता। माधव, अब किसी से शिकायत नहीं है… बस आपसे एक सवाल है— जिसे मैंने दिल से चाहा, उसके लिए खुद को खो दिया, अगर वही मेरे हिस्से में नहीं था… तो फिर उसे मेरी ज़िंदगी में लाया ही क्यों था? ❤️‍🩹 अब जो फैसला आपका होगा, मंज़ूर होगा मुझे… बस इतना करना माधव— अगली बार किसी को मेरा अपना बनाना, तो उसे मेरे दिल को तोड़ने की वजह मत बनाना। 🙏🏻🌸 कान्हा ✍😭🥀
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सुनो ना… 💬 अब तो खुश होंगे आप, कोई नया बहाना मिल गया होगा, लड़ने को अब मुझसे कोई नया ठिकाना मिल गया होगा। 📍 मैं चला गया हूँ, अब लौटकर नहीं आऊँगा, 🚶‍♂️ आपको भी शायद अपना मनचाहा यार मिल गया होगा। खुश रहना उसके साथ, मेरी तरफ़ से कोई शिकायत नहीं, जिसे अपना समझा था, वही किसी और का हो गया—हैरानी नहीं। 🤷‍♂️ बस अपने उस यार से इतना कह देना तुम, कन्हा के अपनों को कन्हा से कोई जुदा नहीं कर सकता। 🛡️ चाहे जितना भर दो उनके दिल में मेरें खिलाफ़ ज़हर, 🐍 जो रिश्तें सच्चे हों, उन्हें अफ़वाहें तोड़ नहीं सकतें मगर। मैंन तो रिश्तें बचाने में खुद कों ही खो दिय था, अब जो खो गय हूँ, तो फिर खुद को पाने निकला हूँ। 🔄 तुम्हें लड़न के अब कोई “टॉपिक” न मिलेगा, क्योंकि कन्हा अब तुम्हारी ज़िंदगी में वापस नहीं मिलेगा। 🚫 खुश रहो… अपने यार के साथ, यही दुआ है मेरी, 🙏 बस याद रखना— जो मेरे अपने होंगे, वो मुझे छोड़कर जाएंगे नहीं, चाहे दुनिया उन्हें मेरे खिलफ़ कितना भी क्यों न कर दे। 🥀 Kanha ✍😢
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“वो लौटकर नहीं आया ” रात भर चाँद से उसका पता पूछता रहा, दिल था बेचैन, मगर चुपचाप बैठा रहा। जिसे अपना समझकर सब कुछ लुटा दिया,
“वो लौटकर नहीं आया ” रात भर चाँद से उसका पता पूछता रहा, दिल था बेचैन, मगर चुपचाप बैठा रहा। जिसे अपना समझकर सब कुछ लुटा दिया, वही शख़्स मेरी आँखों से दूर होता रहा। मैंने चाहा था उसे उम्र भर की तरह, वो मगर वक़्त की तरह मुझसे छूटता रहा। उसकी ख़ुशियों के लिए ख़ुद को मिटा दिया, और वो मेरी कमी का हिसाब गिनता रहा। मैंने हर बार उसे लौट आने की दुआ दी, वो हर बार मेरी उम्मीद को तोड़ता रहा। अजीब रिश्ता था—न पास, न पूरा दूर, मैं उसे खोकर भी अपना ही मानता रहा। अब समंदर भी मेरी ख़ामोशी समझता है, मैं किनारे बैठकर बस उसे याद करता रहा। कान्हा ✍🏻🖤
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