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ᴇʟɪxɪʀ ᴡʀɪᴛᴇꜱ 💜

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Kash ! 🌙
Kash ! 🌙

165✨ 🫴 बच्चे सा बचपना और समझदारी की  सरहद , मैं दोनो हूं मां के करीब रह कमरा भी बिखेरने वाली और बिखरे इंसान को भी समेटने वाली , मैं दोनो हूं और तुम, जाने कहां उलझे , हां ही नहीं करते मुझे , यकीन मानो मैं तो पटाखा और लक्ष्मी दोनो हूं ।। 😌😒🩷

कतारें लगाना दीयों की चमचमाती रोशनी हों बिना चांद के चमके धरती , ऐसी शाम लायेंगे दिल थामे , नज़रें बिछाए रखना सिया संग राम आयेंगे ।। ❤️ आपको एवं आपके परिवार को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं 🌸 Jay Shree Ram 🚩

दिल से मुस्कुराना अब मेरा रोज़ होता है हुए साकार मेरे सारे लम्हें खयाली अमावस सी ज़िंदगी मेरी तेरा इसमें आना ही मेरी दिवाली 🥹🌙

It's your owner's B'day 💅🎂

A writer is a world trapped inside a person. 🌸

❤️
❤️

164✨ 🫴 सारी दुनिया का अल्हड़पन समेटे एक लड़की प्यार में पड़ी तो भी एकदम शांत से रहने वाले लड़के के 🌈

163✨ 🫴 ‍ क़रीब हर वक्त रहे तुम मेरे कोई और हुआ करीब तेरे तो इसमें मेरी क्या खता है यार कहते हैं नज़रें फिसलती जा रही है उसके बाद तुम्हारी मगर दिल – ए – हाल कहां किसी को पता है ।। 🥺😒

162✨ 🫴 ‍ बस एक तुमसे बात नहीं होती वरना हर रोज़ कायनात में क्या क्या नहीं होता ... 🫠

161✨ 🫴 ‍मिटा कर लिखूं हर रोज़ तुझे  लिख कर हर रोज़ मिटाऊं मैं ऐसा भी अब क्या लिखूं के तुझको रास आ जाऊं मैं .... ❤️

160✨ 🫴 ‍सात फेरों के साथ सात जन्मों के लिए बांधा है तुम्हे मेरा इश्क़ कहां महज़ एक चांद रात का मोहताज हैं।। Happy karwa chauth ❤️🌕

159✨ 🫴 ‍दिल –ए –आरज़ू है कि देखूं तुम्हे ज़रा करीब से जो हो फासले कम तो कमबख्त ये नज़रें नहीं उठ पाती 🫠

लाए संजीवन लखन जियाये श्री रघुबीर हरशी उर आए रघुपति किन्ही बहुत बड़ाई तुम मम प्रिय भरतहीं सम भाई 🥹❤️ Jay Shree Ram 🚩

158✨ 🫴 उदासियों का ये मौसम बदल भी सकता था वो चाहता तो मेरे साथ चल भी सकता था वो जानता है गुस्सा मेरा थोड़ा तेज़ ही रहता है वो चाहता तो ढल भी सकता था आज ना होते ये फासले हमारे दरमियान वो चाहता तो रिश्ता संभल भी सकता था।। 🍁🫧

157✨ 🫴 उसकी तस्वीर में कैद हूं मैं मेरे लफ्ज़ों में वो आज़ाद है वो ज़िंदा है मेरे आंसुओं में भी उसके खयालों में दिल बरबाद है 🍂

खूबसूरत मुझे वो बाद लगा था मुर्शद, पैहले मुझे उस से मोहब्बत हुई थी....

156✨ 🫴 थोड़ी हिम्मत रख , अपनी बात रख कोई न सुने तो ऊंची अपनी आवाज़ रख ये खुदगर्जों की दुनिया है , सबको अपनी पड़ी है तेरा कोई नही रखेगा , तू खुद अपना ख्याल रख 😌🩵

155✨ 🫴 वो क़रीब ही नहीं आए तो इज़हार क्या करते खुद ही बने निशाना , हम शिकार क्या करते मार गए मगर खुली रखी आंखें इससे ज्यादा भला किसी का इंतज़ार क्या करते ....🍂

तुम नहीं आए तो फूलों ने तो खिलना ही छोड़ दिया अब फूल ही नहीं खिलेंगे तो तितलियां कहां से आयेगी इस बारे आते वक्त मेरे लिए फूलों के साथ कुछ तितलियां भी लेकर आना तुम्हारी पत्नी सीता महालक्ष्मी 🥹❤️🦋∞ #sitaramam