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Soft Study Akash Kumar

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स्त्रियां केवल घर और खेत पर काम करने के लिए नहीं बनी हैं, वह पुरुषों से बेहतर कार्य कर सकती हैं। पितृसत्तात्मक समाज यह कभी नह
स्त्रियां केवल घर और खेत पर काम करने के लिए नहीं बनी हैं, वह पुरुषों से बेहतर कार्य कर सकती हैं। पितृसत्तात्मक समाज यह कभी नहीं चाहेगा कि स्त्रियां उनकी बराबरी करें। हमें खुद को साबित करना होगा। अन्याय, दासता से ऊपर उठना होगा। देश की प्रथम शिक्षिका, महान समाज सुधारक माँ सावित्रीबाई फुले की जयंती पर सादर नमन! 🌹🌹

विज्ञान के अनुसार बच्चे का लिंग पुरुष के शुक्राणु पर निर्भर करता है, न कि महिला पर। 🧬🤷‍♀️ महिला के अंडाणु में हमेशा X क्रोम
विज्ञान के अनुसार बच्चे का लिंग पुरुष के शुक्राणु पर निर्भर करता है, न कि महिला पर। 🧬🤷‍♀️ महिला के अंडाणु में हमेशा X क्रोमोसोम होता है, जबकि पुरुष के शुक्राणु में X या Y क्रोमोसोम हो सकता है। 👩‍⚕️👨‍⚕️ यदि X क्रोमोसोम वाला शुक्राणु मिलता है तो लड़की होती है, और यदि Y क्रोमोसोम वाला शुक्राणु मिलता है तो लड़का होता है। 👶🌸 इस घटना में तीसरी बेटी होने पर पत्नी को दोष देकर उसे जलाना न केवल अशिक्षा बल्कि समाज की गलत सोच को दर्शाता है। 💔🔥 हमें इस तरह की कुरितियों को खत्म कर महिलाओं और बेटियों को सम्मान देना होगा। 🙏🌹 Kya koi bata sakta hai isme kiski galti hai Ladke ki. Ladki ki. Smaaj ki.

Har Har Mahadev 🙏🙏
Har Har Mahadev 🙏🙏

🌺नए साल की हार्दिक शुभकामनाएँ, मेरे प्यारे युद्धभूमि के योद्धाओं 🙏✨ 🏅नए साल में सबकी पढ़ाई सुपरहिट हो और टॉपर्स लिस्ट में आपकी जगह फिक्स हो! 🚀🎉

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2023 English Question Bank Solution

Copy me Note Karna hai

आज भारत ने अपने एक महान नेता, अद्वितीय अर्थशास्त्री, और पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को खो दिया। उनकी मृत्यु से देश को
आज भारत ने अपने एक महान नेता, अद्वितीय अर्थशास्त्री, और पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को खो दिया। उनकी मृत्यु से देश को अपूरणीय क्षति हुई है। डॉ. मनमोहन सिंह एक ऐसे व्यक्तित्व थे जिन्होंने अपनी विद्वत्ता और ईमानदारी से भारत के आर्थिक विकास की नींव रखी। वित्त मंत्री के रूप में उन्होंने 1991 में देश को आर्थिक संकट से उबारा और आर्थिक उदारीकरण की दिशा में क्रांतिकारी कदम उठाए, जिससे भारत को वैश्विक मंच पर एक नई पहचान मिली। प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने अपनी सादगी, दृढ़ता और कार्यकुशलता से देश का नेतृत्व किया। यह उनकी ईमानदारी और निष्ठा का प्रमाण है कि उनके पूरे कार्यकाल में उन पर एक भी भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगा, जबकि उनके मंत्रिमंडल के कई सदस्य विवादों में घिरे रहे। डॉ. सिंह का जीवन सादगी, ईमानदारी और देश सेवा का प्रतीक था। उनका योगदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना रहेगा। ईश्वर से प्रार्थना है कि उनकी आत्मा को शांति और उनके परिवार को इस कठिन समय में संबल प्रदान करें। राष्ट्र उनके योगदान को सदैव याद रखेगा।