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SPACE - SPECIAL PROGRAM FOR ADMINISTRATIVE CAREER & EDUCATION

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महत्वपूर्ण सूचना — IR Class 17 तकनीकी कारणों से IR Class 17 में बाधा उत्पन्न हो गई थी। इसके लिए आपको हुई असुविधा के लिए खेद है। अब आप सभी पुनः क्लास से जुड़ जाएँ। आपकी क्लास आगे जारी रहेगी। Regards, SPACE IAS ACADEMY

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IMPORTANT INFORMATION 72nd & 73rd BPSC MAINS (..विजेता BATCH..) भारत की सबसे अच्छी टीम(अबकी बार BPSC पार) प्रिय विद्यार्थियों, SPACE IAS ACADEMY के 72nd & 73rd BPSC GS Mains Batch में विभिन्न विषयों की कक्षाएँ अनुभवी एवं विशेषज्ञ शिक्षकों की टीम द्वारा संचालित की जाएँगी। GS MAINS FACULTY 1. Upendra Anmol Sir • Science & Technology • Economy • International Relations • Geography 2. Karunesh Chaudhary Sir • History & Culture 3. Divakar Gupta Sir • Polity & Constitution 4. B. K. Mishra Sir • Statistics & Data Interpretation (DI) 5. Dr. B. N. Mishra पूर्व प्रशिक्षक, LBSNAA, Mussoorie • Answer Writing — उत्तर लेखन 6. Dr. Prabhat Kumar Horticulture Commissioner of India • Answer Writing — उत्तर लेखन 7. Dr. Narayan Kumar पूर्व राजदूत एवं पूर्व निदेशक, विदेश विभाग • संयुक्त राष्ट्र एवं उसकी कार्यप्रणाली • संयुक्त राष्ट्र में भारत की नीति 8. पद्मश्री संतोष यादव लगातार दो बार माउंट एवरेस्ट फतह करने वाली पहली महिला एवं अर्जुन पुरस्कार विजेता • Environment & Environmental Issues • पर्यावरण से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे 9. Colonel Ranveer Singh Jamwal Indian Army Officer, Mountaineer एवं Director, National Institute of Mountaineering and Adventure Sports (NIMAS) • सीमा से जुड़े मुद्दे • खोज एवं बचाव अभियानों से संबंधित विषय • भारतीय सेना के एवरेस्ट अभियानों से जुड़े महत्वपूर्ण पहलू एक ही मंच पर विषय विशेषज्ञों की टीम का मार्गदर्शन व्यापक अध्ययन + Answer Writing + समसामयिक दृष्टिकोण + विशेषज्ञ मार्गदर्शन आपकी BPSC Mains तैयारी को अधिक व्यवस्थित, व्यापक और परिणामोन्मुख बनाने के उद्देश्य से। अब Mains की तैयारी केवल पढ़ने तक सीमित नहीं बल्कि बेहतर उत्तर लिखने और बेहतर प्रदर्शन करने की तैयारी है। Regards SPACE IAS ACADEMY 📞 +91 72909 17750

मुश्किलें दिल के इरादे आजमाती हैं, स्वप्न के पर्दे निगाहों से हटाती हैं। हौसला मत हार गिर कर ऐ मुसाफिर, ठोकरें इंसान को चलना सिखाती हैं। जिस तरह गलत दिशा में जोर-जोर से चप्पू चलाने से नाव अपनी मंजिल पर नहीं पहुँचती,उसी तरह सिविल सेवा (UPSC,State PCS) जैसी लंबी और कठिन परीक्षा में दिशाहीन मेहनत(Blind Hard Work) सिर्फ ऊर्जा और समय की बर्बादी करती है। इस परीक्षा में सफलता के लिए हार्ड वर्क के साथ स्मार्ट वर्क,सही रणनीति और आत्म-प्रेरणा(Self-Motivation) का होना सबसे जरूरी है।पूरे सिलेबस को एक पहाड़ की तरह देखने के बजाय छोटे टारगेट्स रखें (जैसे आज एक चैप्टर या एक टॉपिक पूरा करना)।हफ्ते में एक बार खुद का मूल्यांकन करें कि आपने कितना सीखा।जब आपको अपनी ग्रोथ दिखेगी,तो आत्मविश्वास अपने आप बढ़ जाएगा। यह मैराथन है, कोई सौ मीटर की दौड़ नहीं। रोजाना तय समय पर पढ़ना,बिना भटके अपने रूटीन का पालन करना ही आपको रेस में आगे रखेगा। #upendraanmol

हित-वचन नहीं तूने माना, मैत्री का मूल्य न पहचाना, तो ले, अब मैं भी जाता हूँ, अंतिम संकल्प सुनाता हूँ। याचना नहीं, अब रण होगा, जीवन-जय या कि मरण होगा।

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◼️RO/ARO 2025 भर्ती का संक्षिप्त विज्ञापन जारी ◼️आयु -जन्म 2 जुलाई 1986 से 1 जुलाई 2005 के मध्य ◾️आवेदन की तिथि... 26 अक्टूबर से 28 नवंबर 2026 तक

IR 16.pdf9.61 MB

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IMPORTANT INFORMATION 72nd & 73rd BPSC MAINS (..विजेता BATCH..) भारत की सबसे अच्छी टीम(अबकी बार BPSC पार) प्रिय विद्यार्थियों, SPACE IAS ACADEMY के 72nd & 73rd BPSC GS Mains Batch में विभिन्न विषयों की कक्षाएँ अनुभवी एवं विशेषज्ञ शिक्षकों की टीम द्वारा संचालित की जाएँगी। GS MAINS FACULTY 1. Upendra Anmol Sir • Science & Technology • Economy • International Relations • Geography 2. Karunesh Chaudhary Sir • History & Culture 3. Divakar Gupta Sir • Polity & Constitution 4. B. K. Mishra Sir • Statistics & Data Interpretation (DI) 5. Dr. B. N. Mishra पूर्व प्रशिक्षक, LBSNAA, Mussoorie • Answer Writing — उत्तर लेखन 6. Dr. Prabhat Kumar Horticulture Commissioner of India • Answer Writing — उत्तर लेखन 7. Dr. Narayan Kumar पूर्व राजदूत एवं पूर्व निदेशक, विदेश विभाग • संयुक्त राष्ट्र एवं उसकी कार्यप्रणाली • संयुक्त राष्ट्र में भारत की नीति 8. पद्मश्री संतोष यादव लगातार दो बार माउंट एवरेस्ट फतह करने वाली पहली महिला एवं अर्जुन पुरस्कार विजेता • Environment & Environmental Issues • पर्यावरण से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे 9. Colonel Ranveer Singh Jamwal Indian Army Officer, Mountaineer एवं Director, National Institute of Mountaineering and Adventure Sports (NIMAS) • सीमा से जुड़े मुद्दे • खोज एवं बचाव अभियानों से संबंधित विषय • भारतीय सेना के एवरेस्ट अभियानों से जुड़े महत्वपूर्ण पहलू एक ही मंच पर विषय विशेषज्ञों की टीम का मार्गदर्शन व्यापक अध्ययन + Answer Writing + समसामयिक दृष्टिकोण + विशेषज्ञ मार्गदर्शन आपकी BPSC Mains तैयारी को अधिक व्यवस्थित, व्यापक और परिणामोन्मुख बनाने के उद्देश्य से। अब Mains की तैयारी केवल पढ़ने तक सीमित नहीं बल्कि बेहतर उत्तर लिखने और बेहतर प्रदर्शन करने की तैयारी है। Regards SPACE IAS ACADEMY 📞 +91 72909 17750

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वैश्वीकरण के पतन के साथ, शीत युद्ध के बाद की दुनिया संप्रभु राष्ट्रवाद का केंद्र बन रही है।स्पष्ट कीजिए? शीत युद्ध की समाप्ति के बाद वैश्वीकरण ने मुक्त व्यापार, पूँजी, तकनीक एवं विचारों के प्रवाह को बढ़ावा दिया। किंतु वर्तमान में संरक्षणवाद, भू-राजनीतिक प्रतिस्पर्धा और राष्ट्रीय हितों की प्राथमिकता के कारण वैश्वीकरण का स्वरूप बदल रही हैं। संप्रभु राष्ट्रवाद के उभार के प्रमुख कारण: 1)आर्थिक संरक्षणवाद: अमेरिका के टैरिफ, व्यापार युद्ध तथा घरेलू उद्योगों को प्राथमिकता देना। 2)भू-राजनीतिक प्रतिस्पर्धा: अमेरिका-चीन प्रतिद्वंद्विता और रूस-यूक्रेन संघर्ष से आर्थिक संबंधों का राजनीतिकरण। 3)आपूर्ति शृंखला की सुरक्षा: कोविड-19 के बाद आत्मनिर्भरता, ‘चाइना प्लस वन’ और महत्त्वपूर्ण क्षेत्रों में घरेलू उत्पादन पर जोर। 4)राष्ट्रवादी राजनीति: प्रवासन, सांस्कृतिक पहचान और रोजगार संबंधी चिंताओं से राष्ट्र-केंद्रित नीतियों को समर्थन। 5)रणनीतिक स्वायत्तता: भारत जैसे देश राष्ट्रीय हितों के अनुरूप स्वतंत्र विदेश नीति और विविध साझेदारियों को प्राथमिकता दे रहे हैं। इसे वैश्वीकरण का पूर्ण पतन कहना उचित नहीं है। डिजिटल व्यापार, वैश्विक निवेश और बहुपक्षीय सहयोग जारी हैं; बल्कि वैश्वीकरण अधिक चयनात्मक एवं क्षेत्रीय होता जा रहा है। विश्व व्यवस्था वैश्वीकरण से राष्ट्रहित-आधारित वैश्वीकरण की ओर बढ़ रही है। चुनौती संप्रभुता की रक्षा और वैश्विक सहयोग के बीच संतुलन स्थापित करना है।

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मंज़िल की तलाश में भटकना ही तो असल सफ़र है, जो रास्तों से डर गया, उसका ख़्वाब बेअसर है। #Motivation #NeverGiveUp #dreambig