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Tu_Mujhe_Soch_Kabhi_KK_Tu_Kisi_Or_Ko_Chahe_Kabhi_Khuda_Na_Kare_Romantic.mp313.79 MB
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चुरानी पड़े नजरें किसी से, काम कोई ऐसा किया ही नहीं, कैसे टूटेगा दिल बोलो, जब किसी को दिया ही नहीं।
अब मैं इतना मौन हो जाता हूँ कि, अपनी धड़कनों की आवाजाही को भी सुना सकता हूँ. बोलता हूँ बस इतना ही कि, हाँ, खुद को विश्वास हो सके कि चल रही है साँसें।
अंततः मैं बन गया मैं उम्र के हिसाब से मूक, जो कभीं सोचता था कि उमर बढ़ने के साथ लोग, चुपचाप क्यों हो जाते हैं? शायद उनकी इस मूकता उनका खुद का भी वश नहीं रहता, ये स्वतः ही बढ़ती जाती हैं।
अंततः खुद को समझ आ जाता हैं कि, एकांत आपकों मज़बूत बनाता है, भीड़ आपकों बेचारा बनाती हैं, रिश्तें, लोग, जज़्बात हमेशा साथ नहीं रहते, ये वैकल्पिक होते है, कभी आप विकल्प होते हैं, कभी वो विकल्प होते हैं।
और फिर एक दिन आप स्वयं से मिलतें हैं, खो जाते हैं खुद में ही, दुनिया को ये बताते हुए कि अब मुझे किसी की ज़रूरत नहीं हैं। कोई नहीं समझेगा मुझें, खुद से ही बातें करने लगते हैं, खुद को खुद में ही ढूंढ़ लेना बहुत बड़ी घटना है, शायद आप परिपक्वता की तरफ जा रहे हैं, मौनता की ओर जा रहे है, खुद की तरफ़ जा रहे है।
चींटी देखो,
उससे कुछ सीखो
राह भटकती, सीधे चलती
गिरती-उठती चली जाती
एक लक्ष्य को सीधे साधे।
कहने को तो तुच्छ प्राणी,
करती है जो उसने ठानी
तुम भी कुछ ठाने हो?
कुछ अपना अस्तित्व माने हो?
एक बार तुम भी संघर्ष कर लो ना!
माना जटिल होगा
फिर जीवन सुगम ही है,
अपने जीवन में हर्ष भर लो ना!
चींटी देखो,
उससे कुछ सीखो
राह भटकती, सीधे चलती
गिरती-उठती चली जाती
एक लक्ष्य को सीधे साधे।
कहने को तो तुच्छ प्राणी,
करती है जो उसने ठानी
तुम भी कुछ ठाने हो?
कुछ अपना अस्तित्व माने हो?
एक बार तुम भी संघर्ष कर लो ना!
माना जटिल होगा
फिर जीवन सुगम ही है,
अपने जीवन में हर्ष भर लो ना !
She taught me how to hold the pencil.
20 years later,
I taught her how to hold the smartphone.
I hardly message someone on my own, but when I do It's either of two reasons. It's something very important. It's the person who's most important.
Enjoy the little things, for one day you may look back and realize they were the big things.
It is a dream of mine to one day meet a penguin and feel its soft feathers with my own hands.
समय" और "समझ" दोनों एक साथ खुशकिस्मत लोगों को ही मिलते हैं क्योंकि अकसर समय पर समझ नहीं आती और समझ आने पर समय निकल जाता है।
When someone does something nice for me, I always think about how I can do something nice for them in return.
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