fa
Feedback
UPSC & UP PCS Notes

UPSC & UP PCS Notes

رفتن به کانال در Telegram

🚩 Channel was restricted by Telegram

نمایش بیشتر
6 717
مشترکین
اطلاعاتی وجود ندارد24 ساعت
اطلاعاتی وجود ندارد7 روز
اطلاعاتی وجود ندارد30 روز
آرشیو پست ها
+6
पर्यावाची_शब्द_द्वारा_एस०_वी_०_गौड़.pdf2.18 MB

RO ARO hindi 👇👇👇👇📍

WR-RT-418-EO-AO-EPFO-engl-210723.pdf

photo content

photo content

photo content

photo content

photo content

photo content
+1

WHY TO CHOOSE OSWAAL BOOKS:- ♦100% Updated with complete coverage of syllabus & Latest paper ♦Extensive Practice with 1000+ Q
WHY TO CHOOSE OSWAAL BOOKS:- ♦100% Updated with complete coverage of syllabus & Latest paper ♦Extensive Practice with 1000+ Questions ♦Crisp Revision with Smart Mind Maps ♦Valuable Exam Insights with Unit wise Flash Facts on all important points ♦Concept Clarity with Detailed Explanations ♦100% Exam Readiness with Subject Analysis videos made by UPSC Experts BEST BOOKS BUYING LINK:- https://www.amazon.in/stores/page/AAA82105-F84F-4183-A42E-56DBD2D11040?channel=inf23-upsc-indiap-tl

WHY TO CHOOSE OSWAAL BOOKS:- ♦100% Updated with complete coverage of syllabus & Latest paper ♦Extensive Practice with 1000+ Questions ♦Crisp Revision with Smart Mind Maps ♦Valuable Exam Insights with Unit wise Flash Facts on all important points ♦Concept Clarity with Detailed Explanations ♦100% Exam Readiness with Subject Analysis videos made by UPSC Experts BEST BOOKS BUYING LINK:- https://www.amazon.in/stores/page/AAA82105-F84F-4183-A42E-56DBD2D11040?channel=inf23-upsc-indiap-tl

photo content

photo content

photo content
+1

जर्मनी में 92 लोगों को लेकर उड़ा एक विमान गायब हो जाता है और 35 साल बाद अचानक ब्राजील की जमीन पर उतरता है। दुनियाभर के अखबार इस खबर को छापते हैं, लोगों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि आखिर 35 सालों से ये विमान कहां था? टाइम ट्रैवल पर यकीन करने वाले तो ये तक दावा कर देते हैं कि ये विमान समय के परे चला गया था, इस दौरान धरती पर 35 साल गुजर गए। लेकिन ये खबर सरासर गलत है। आज हम आपको बता रहे हैं भुतहा कही जाने वाली सेंटिगो की फ्लाइट 513 की कहानी। यहां से शुरू हुई कहानी... - दरअसल, 14 नवंबर 1989 को जर्मनी के एक नामी अखबार के रिपोर्टर ने खबर छापी कि ब्राजील में 1950 का एक विमान लैंड हुआ है, जिसमें 92 लोगों के कंकाल हैं। आगे दावा किया गया कि ये वही विमान है जो अचानक गायब हुआ है। - खबर में बताया गया कि विमान ने 35 साल पहले ऐचन, फ्रांस से उड़ान भरी थी और लापता हो गया था। इस विमान में 88 यात्री और 4 क्रू मेंबर सवार थे। उड़ान के कुछ देर बाद विमान का अटलांटिक ओशन के ऊपर संपर्क टूट गया था। जब अचानक लैंड हुआ विमान - अखबार की खबर के मुताबिक, विमान ने उतरने से पहले ना ही एयर ट्रैफिक कंट्रोल से इजाजत मांगी गई और ना ही एटीसी को विमान की लैंडिंग का पता लगा। इसके बाद संदेह की वजह से एयरपोर्ट सिक्युरिटी टीम विमान तक पहुंची। विमान के अंदर भरे थे कंकाल - जब सिक्युरटी टीम विमान के अंदर पहुंची तो सभी कांप गए। पूरे विमान के अंदर कंकाल भरे हुए थे। हर कंकाल अपनी सीट पर था। यहां तक विमान के कप्तान मिगुल विक्टर क्यूरी का कंकाल पायलेट कंट्रोल्स को पकड़े हुआ था और विमान का इंजन चालू था। दहशत में सिक्युरिटी स्टाफ विमान से उतर गया और ब्राजील सरकार को इसकी जानकारी दी। क्या है इस कहानी का सच - आपको बता दें कि जर्मनी के अखबार में छपी ये खबर सरासर गलत है। ये फर्जी खबर ईरविन फिशर नाम के रिपोर्टर ने छापी थी। इस फर्जी खबर की बिना जांच किए उस दौर में दुनिया के कई अखबारों ने छापा, जिसने लोगों के बीच डिबेट को जन्म दे दिया। कुछ लोग इस विमान को भुतहा कहने लगे, तो कुछ ने कहा कि ये टाइम ट्रैवल के जरिए संभव है। टाइम ट्रैवल को मानने वालों ने ये तक कह दिया कि विमान समय के भंवर में फंस गया था। जबकि सच तो ये है कि ऐसा कोई विमान ही नहीं था।

प्राचीन सिविल इंजीनियरिंग बनाम आधुनिक सिविल इंजीनियरिंग पिछले 36 घंटों में 9 बार बादल फटने और 13 बार लैंडस्लाइड होने के बावजूद हिमाचल के मंडी ज़िले का ये 300 साल पुराना पंचवक्त्र शिव मंदिर जस का तस खड़ा है। ये शिव जी का चमत्कार है या नहीं ये तो शिव जी ही जानें, लेकिन एक बात मुझे ये समझ में आई कि जब से दुनिया में प्रॉपर सिविल इंजीनियरिंग की पढ़ाई शुरू हुई और इमारतें आधुनिक सिविल इंजीनियरिंग के अनुसार बनाई जाने लगीं तबसे कोई इमारत 100 साल से ज़्यादा नहीं टिकती, ज़्यादातर इमारतों सौ साल के पहले ही जर्जर और ध्वस्त हो जाती हैं, लेकिन हमारे पूर्वज जो आधुनिक सिविल इंजीनियरिंग का सी नहीं जानते थे उनकी बनाई इमारतें बड़ी से बड़ी आपदा मिस्टर भी खड़ी हैं, जबकि आधुनिक इमारतें तास के पत्तों की तरह बह रही हैं। हर हर महादेव 🙏🚩 Join https://t.me/banaras1001