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آرشیو پست ها
नसीब के आगे किसी की नहीं चलती लेकिन इतना याद रखना,
बाहों में चाहें कोई भी आए... महसूस वहीं होगा जो रूह में समाया हैं...!!!
मैं तेरे गुरूर की नहीं,
तेरी सोहबत की तलबगार हूं,
दे जमाना जो भी नाम इसको,
मैं हर लफ्ज़ तेरी वफादार हूं।
