fa
Feedback
🌹 Pyari ju ka Pyara Barsana🌹

🌹 Pyari ju ka Pyara Barsana🌹

رفتن به کانال در Telegram
1 147
مشترکین
اطلاعاتی وجود ندارد24 ساعت
-77 روز
-2930 روز
جذب مشترکین
مه '26
مه '26
+5
در 0 کانال‌ها
آوریل '26
+10
در 0 کانال‌ها
Get PRO
مارس '26
+10
در 0 کانال‌ها
Get PRO
فوریه '26
+13
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژانویه '26
+23
در 0 کانال‌ها
Get PRO
دسامبر '25
+18
در 0 کانال‌ها
Get PRO
نوامبر '25
+20
در 0 کانال‌ها
Get PRO
اکتبر '25
+13
در 0 کانال‌ها
Get PRO
سپتامبر '25
+14
در 0 کانال‌ها
Get PRO
اوت '25
+18
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژوئیه '25
+13
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژوئن '25
+17
در 0 کانال‌ها
Get PRO
مه '25
+25
در 0 کانال‌ها
Get PRO
آوریل '25
+33
در 0 کانال‌ها
Get PRO
مارس '25
+37
در 0 کانال‌ها
Get PRO
فوریه '25
+23
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژانویه '25
+21
در 0 کانال‌ها
Get PRO
دسامبر '24
+23
در 0 کانال‌ها
Get PRO
نوامبر '24
+59
در 0 کانال‌ها
Get PRO
اکتبر '24
+37
در 0 کانال‌ها
Get PRO
سپتامبر '24
+91
در 0 کانال‌ها
Get PRO
اوت '24
+86
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژوئیه '24
+127
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژوئن '24
+125
در 0 کانال‌ها
Get PRO
مه '24
+117
در 0 کانال‌ها
Get PRO
آوریل '24
+142
در 0 کانال‌ها
Get PRO
مارس '24
+156
در 0 کانال‌ها
Get PRO
فوریه '24
+156
در 0 کانال‌ها
Get PRO
ژانویه '24
+150
در 0 کانال‌ها
Get PRO
دسامبر '23
+703
در 0 کانال‌ها
تاریخ
رشد مشترکین
اشارات
کانال‌ها
19 مه0
18 مه0
17 مه0
16 مه0
15 مه+1
14 مه+1
13 مه0
12 مه0
11 مه+2
10 مه0
09 مه0
08 مه0
07 مه0
06 مه0
05 مه+1
04 مه0
03 مه0
02 مه0
01 مه0
پست‌های کانال
2
بدون متن...
461
3
بدون متن...
476
4
श्री राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा
511
5
بدون متن...
521
6
।। श्रीहरि:।। *भगवान के सामने दीनता* साधकों के लिये एक बहुत उत्तम उपाय है *परमेश्वर के सामने आर्त होकर दीनभाव से हृदय खोलकर रोना। यह साधन एकान्त में करने का है।* सबके सामने करनेसे लोगोंमें उद्वेग होने और साधन के दम्भ रूप में परिणत हो जानेकी सम्भावना है। प्रातःकाल, सन्ध्या -समय, रात को, मध्यरात्रि के बाद या उषाकाल में जब सर्वथा एकान्त मिले, तभी आसन पर बैठकर *मन में यह भावना करनी चाहिये कि ' भगवान् यहाँ मेरे सामने उपस्थित हैं, मेरी प्रत्येक बात को सुन रहे हैं और मुझे देख भी रहे हैं।'* यह बात सिद्धान्त से भी *सर्वथा सत्य है कि भगवान्* *हर समय हर जगह हमारे सभी कामों को देखते और हमारी प्रत्येक बात सुनते हैं।* भावना बहुत दृढ़ होनेपर, भगवान् के जिस स्वरूप का इष्ट हो, वह स्वरूप साकार रूप में सामने दीखने लगता है एवं प्रेम की वृद्धि होने पर तो भगवत्कृपा से भगवान् के साक्षात् दर्शन भी हो सकते हैं। अस्तु। नियत समय और यथासाध्य नियत स्थान में प्रतिदिन नित्य की भाँति आसन या जमीन पर बैठकर भगवान को अपने सामने उपस्थित समझकर दिनभर के पापों का स्मरण कर *उनके सामने अपना सारा दोष रखना चाहिये और महान्* *पश्चात्ताप करते हुए आर्तभाव से क्षमा तथा फिर पाप न बने, इसके लिये बल की भिक्षा माँगनी चाहिये ।* नारायण नारायण नारायण नारायण *परम श्रद्धेय श्रीभाईजी हनुमानप्रसादजी पोद्दारजी*
538
7
بدون متن...
456
8
श्री राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा
श्री राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा राधा
452
9
بدون متن...
432
10
بدون متن...
451
11
بدون متن...
365
12
بدون متن...
345
13
بدون متن...
315
14
بدون متن...
314
15
Pad 801 जय राधे, जय जय राधे। जय राधे, जय जय राधे॥ रावल में छायौ आनंद। प्रगटी राधा आनँद-कंद॥ जय० नंदीसुर तें आये नंद। लीन्हे सँग उपनंद, सनंद॥ जय० जसुदा मैया रोहिनि संग। दाऊ-कान्हा लिये उछंग॥ जय० रैंदा-पैंदा, तोक-सुदाम। मधुमंगल, मनसुख, सुखराम॥ जय० दधि-माखन कौ लै उपहार। पहुँचे सब सज-सज सिंगार॥ जय० नृप बृषभानु मुदित भए देख। स्वागत कर मन हरष बिसेष॥ जय० जसुदा-रोहिनि भीतर जाय। मिली कीर्तिदा अति हरषाय॥ जय० लाली कौं अति लाड़ लड़ात। जसुदा-मन नहिं मोद समात॥ जय० लाला के मुख मोद अपार। निरख करत सब जै-जैकार॥ जय०
295
16
بدون متن...
269
17
श्री राधा राधा बधाई हो आप सभी साधकों को हरि प्रेमियों को श्री राधामहाभाव निमग्न श्री राधा बाबा जी के जन्मोत्सव की बहुत बहुत मंगल बधाई। 🙏🙏 श्री राधा बाबा जी की कृपा दृष्टि हम सब पर सदा बनी रहे और हम सब श्री राधा-माधव प्रेम के पथ के अनुगामी बने, यहीं उनके श्रीचरणों में प्रार्थना है। श्री राधा राधा 🙏🙇🏻‍♂️
321
18
بدون متن...
358
19
بدون متن...
354
20
राधा_राधा_राधा_राधा_राधा_राधा_राधा_Radha_Radha_Radha_Radha_Radha.m4a
343