𝐕𝐄𝐑𝐒𝐄 𝐕𝐈𝐁𝐄
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| 2 | कोई भी जो आपके जीवन में आता है तो वह उसका निर्णय है, उसपर आपका अधिकार नहीं कि वो कब तक रुकेगा, या जो स्नेह, अपनापन आप दे रहे उसे वो भी वैसा ही करे.. यदि वो एकाएक ही चले जाएं फिर भी उनके आने के लिए ठहरने के लिए उनका शुक्रिया जरूर करना...
Ashu Kaushiik 🌸❤️ | 8 |
| 3 | कुछ कविताएँ लौटती हैं पन्नों से नहीं,
यादों की उन गलियों से
जहाँ कभी हम खुद को छोड़ आए थे ।।
लौटती हैं वे बरसों बाद,
किसी अनकहे संबोधन की तरह,
आँखों में ठहरी नमी और
होंठों पर अधूरी मुस्कान लेकर ।।
कुछ शब्द जो कहे नहीं गए,
कुछ सपने जो जिए नहीं गए,
सब लौट आते हैं कविता बनकर ।।
और हम उन्हें पढ़ते हुए
फिर से वही हो जाते हैं,
जो कभी थे, या होना चाहते थे ।।
कविताएँ लौटती हैं,
तो लगता है
समय कहीं गया ही नहीं था
वह बस हमारे भीतर
चुपचाप ठहरा हुआ था ।।
चंदन…✍🏼
~शब्द_श्रृंगार🖋️ | 12 |
| 4 | तुम मेरा ये वाला चांद हो,
जिस पर मैंने पहरेदार बिठा रखा है🥰😊 | 16 |
| 5 | ग़ज़ल...
वक़्त को जैसे ज़ंजीरें पहना दी गई हों,
हाथों में हाथ रख कर दुनिया भुला दी गई हो..
गुलशन की क्या ज़रूरत उस दिल के आशियाने में,
जहाँ हर छुअन से एक नई बहार खिला दी गई हो..
ना कोई लफ़्ज़, ना कोई शिकवा, बस एक ख़ामोशी,
जैसे रूह को रूह से बाअदब मिला दी गई हो..
ठहर गई हैं सुइयाँ भी उस एक घड़ी की,
जैसे हर सांस को चाहत की दुआ दी गई हो....
Ashu | 17 |
| 6 | हाँ, तुम्हें चाहा था, नहीं, तुम्हें भुला नहीं पाया
हाँ, तेरी याद आती है, नहीं, अब किसी से कह नहीं पाता ।।
हाँ, कुछ ख़्वाब अधूरे हैं, नहीं, उन्हें मरने नहीं देता
हाँ, तुम मेरे थे कभी, नहीं, ये दिल आज भी मानता नहीं ।।
हाँ और नहीं के बीच एक उम्र ठहरी हुई है
जहाँ तुम नहीं हो, फिर भी हर तरफ़ तुम ही हो ।।
चंदन…✍🏼
~शब्द_श्रृंगार🖋️ | 16 |
| 7 | सुनो न.....!!!
कैद खाने हैं बिन सलाखों के...!!
कुछ नहीं हसीन चर्चे है तुम्हारी आंखों के...!!
| 18 |
| 8 | मोहब्बत कर तो ली है,
अब इसका अंजाम क्या होगा,
तेरे साथ जो देखा था ख़्वाब,
वो ख़्वाब अब सरेआम क्या होगा ।।
तेरी आँखों में जो डूबे हैं,
उन्हें किनारा कौन देगा,
तेरे बिन जो साँसें चलती हैं,
उन साँसों को सहारा कौन देगा ।।
तेरी हँसी में सुबह मेरी,
तेरी ख़ामोशी में शाम है,
तू दूर रहे तो भी मेरे दिल में,
बस तेरा ही नाम है ।।
मोहब्बत कर तो ली है,
अब तुझसे जुदा कैसे होंगे,
तेरे बिना जो दिन गुज़रे,
वो दिन भी भला कैसे होंगे ।।
तू मिले या न मिले उम्रभर,
ये इश्क़ कम नहीं होगा,
मोहब्बत कर तो ली है तुझसे,
अब इससे बड़ा कोई ग़म नहीं होगा ।।
चंदन…✍🏼
~शब्द_श्रृंगार🖋️ | 23 |
| 9 | सुनो धनिया.....
लोग मोक्ष की खोज में भटकते रहे,
और मैंने तुम्हारी हँसी को ही अपना अंतिम गंतव्य मान लिया....❤️🤗 | 16 |
| 10 | ग़ज़ल: मेरा दौर भी आएगा...
तन्हाइयों का ये समंदर, ये सफ़र भी मेरा है,
अगर आज अंधेरा है, तो कल सवेरा भी मेरा है..
पाँव छलनी सही, पर रुकना मेरी आदत नहीं,
ज़िंदगी की हर चुनौती पर, हक़ अब मेरा है..
जो ताने कसते हैं आज मेरी ख़ामोशी पर,
कल उनकी ज़बाँ पर ज़िक्र भी सिर्फ़ मेरा है...
हर एक बाज़ी जो हारी है, वो सबक़ थी जीत का,
इस तमाशे में अब आख़िरी दाँव भी मेरा है..
लकीरों को अपनी उँगलियों से बदल दूँगा मैं,
हाथों की मुक़द्दर पर अब इख़्तियार भी मेरा है...
राह के पत्थरों से कह दो, रास्ता छोड़ दें,
जीत का वो ऊँचा आसमान, अब पूरा मेरा है.... | 20 |
| 11 | यूं ही नहीं बनाई मैंने लोगों से दूरियां ,
मेरे किस्से में अक्सर लोग दोगले निकले..
Ashu | 23 |
| 12 | फूलों की ये डोर तो महज़ एक बहाना है,
असल में तो दिल को तेरे दिल से जुड़ जाना है... 🌸💛
~ Ashu | 25 |
| 13 | गलत लोग आपकी अच्छाई से भी नफरत करते हैं और सही लोग आप में बुराई जानकर भी आपसे प्यार करते हैं साहब...
~ Ashu ❤️🌸 | 25 |
| 14 | मैने..
जब भी तुम्हें याद करते हुए,
खुद को पाया है,
तो,,, यूँ लगा है...
कि,,,,
पारिजात के दिल मे,
रात धड़क रही हो...
और...
आँखों की ओस से भीगा,
दूब का सीना,
प्रतीक्षारत हो...
भोर को गले लगाने को..।।❣️
#सूर्य | 27 |
| 15 | छूट गया वो यारों का घर, ना नौकरी मिली ना नाम हुआ,
जिस करियर की धुन में जागे, वो भी बस नाकाम हुआ...
घर वालों के ताने सहकर, दिल ही दिल में रोते हैं,
राहें सब खामोश हैं, और हर सपना नीलाम हुआ...
फिर भी दिल में एक उम्मीद की जोत जलाए बैठा हूँ,
टूटा हूँ पर गिरा नहीं, खुद को संभाले बैठा हूँ...
बदलेगा ये दौर भी यारा, वक्त की बाज़ी पलटेगी,
मैं अपनी ही राख से उगने की कसम खाए बैठा हूँ....
Ashu | 27 |
| 16 | जो कभी मेरे ज़ख़्मों का मरहम हुआ करता था,
आज उसी को मेरे दर्द की वजह बना दिया।
जिसे देखकर कभी चेहरे पर मुस्कान आती थी,
उसी ने मेरी आँखों को अश्कों का शहर बना दिया।
जिसके नाम से सजाया था हमने अपना हर ख़्वाब,
वक़्त ने उसी ख़्वाब को अधूरा सफ़र बना दिया।
जो कभी मेरी ख़ामोशी तक पढ़ लिया करता था,
आज उसने मेरी चीख़ को भी अनसुना बना दिया।
वाह ख़ुदा, कैसा हिसाब लिखा है तूने मेरी किस्मत में,
जिसे अपना कहा था, उसी को बेगाना बना दिया।
हमने तो उसे अपनी आख़िरी साँस तक चाहा था,
उसने जीते-जी हमें तन्हाई का क़फ़न पहना दिया।
अब किससे करें शिकायत, किसे अपना दर्द सुनाएँ,
जिसे गवाह बनाया था, उसी को क़ातिल बना दिया।
Kanha 📝 | 29 |
| 17 | 🌸🌸🌼🌻🏵️🪻🍂🪷🌸🌷
गजमुख पे चाँद-सी शांति,आँखों में करुणा अपार,
माथे पे सजे सिंदूर,जैसे उगता हो कोई संसार ।।
चार भुजाओं में आशीष,
एक में मोदक का प्यार,
पाश से बाँधें मोह हमारे,
अंकुश से दिखाएँ सही राह ।।
विशाल उदर में समेटे हुए
जाने कितने जग के राज,
कानों में जैसे वेदों की धुन,
सुनते हर मन की आवाज़ ।।
मस्तक पर मुकुट दमकता,
गले में नाग का हार,
मूषक पर बैठकर आते हैं
फिर भी सबसे ऊँचा तेरा दरबार ।।
हे लंबोदर, हे विघ्नहर्ता,
तेरी महिमा कौन बखाने?
जिसके सिर पर हाथ रख दे तू,
उसके काँटे फूल बन जाएँ ।।
तेरी सूँड जहाँ मुड़ जाए,
वहीं शुभता का दीप जले,
तेरा नाम जहाँ गूँज उठे,
वहाँ भय के बादल दूर चले ।।
हे गणेश भगवान,
मेरी आँखों में अपना रूप बसाए रखना
और जब जीवन की राह कठिन हो,
बस इतना करना…!!
अपनी एक मुस्कान से मेरी दुनिया फिर सजा देना। 🙏
चंदन…✍🏼
~शब्द_श्रृंगार🖋️ | 28 |
| 18 | ✍🏻
एक हवा चूम के निकली है तेरे गुलाबी होंठ
जाने कितने आशिक़ आज इत्र से नहाए होंगे....!!
✍🏻 | 28 |
| 19 | सुनो धनिया........!!!!
नयनों से हृदय तक जो मार्ग जाता है, वह तुम्हारी
एक मंद मुस्कान से ही पूर्णतः आलोकित हो उठता है.❤️🥀 | 32 |
| 20 | सितंबर...
मन की वो खिड़की है...
जिसके छज्जे पर
कुछ भीगी यादें बूँद बनकर ठहरी रहती हैं
और...
अंदर परदों के पीछे
उम्मीद की दो..आँखें
राह तकती हैं...
किसी की..
हथेलियों की छुअन के
गुनगुनी सी धूप का...😭😭❣️
#सूर्य | 31 |
