MUKESH CLASSES
Ir al canal en Telegram
●राजस्थान पुलिस, पटवारी, ग्राम सेवक, टीचर, रीट, RAS, IAS, BSTC, PTET, SI, आदि भर्तियों के नोट्स , ● CURRENT AFFAIRS DAILY whatsapp - 9928271057 हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करे https://www.youtube.com/c/MUKESHCLASSES
Mostrar más1 063
Suscriptores
-424 horas
-57 días
-1730 días
Archivo de publicaciones
1 063
पौराणिक कथाओं के अनुसार, पूर्व जन्म में होलिका एक देवी थी. राक्षस कुल में उसका जन्म ऋषि से श्राप पाने के कारण हुआ था. होलिका राक्षस कुल में जन्म लेकर ऋषि द्वारा उसे मिले श्राप को ही भुगत रही थी. आग में दहन होने के बाद ही वो ऋषि के श्राप से मुक्त हुई थी. आग में जलने से होलिका शुद्ध हो गई थी. यही कारण है कि होलिका के राक्षसी होने के बाद भी होलिका दहन के दिन उसकी पूजा की जाती है.
Happy Holi 😊
1 063
♣️ Tɪᴛᴛʟᴇ » लोकगीत✨❤️
देवेंद्र सत्यार्थी » लोकगीत किसी संस्कृति के मुख बोले चित्र होते हैं।
आचार्य रामचंद्र शुक्ल » हमारी संस्कृति लोकगीतों के कंधों पर बैठी है।
रविंद्र नाथ टैगोर लोकगीत » हमारी संस्कृति में सुखद संदेश लाने की एक कला है
प. जवाहरलाल नेहरू » लोकगीत भारतीय जन समुदाय की आत्मा है
महात्मा गांधी » लोकगीत ही हमारी संस्कृति के पहरेदार/रक्षक है !
1 063
सही उत्तर..... मोकल ने बाद में पुनर: निर्माण करवाया था
जांभोजी....... तालवा (बीकानेर)
[अच्छे प्रश्न......]
1 063
खूबसूरत तो नहीं हूँ लेकिन loyal हूँ, और देनें के लिए मेरे पास कुछ ख़ास नहीं
बस हमेशा तुम्हारा सम्मान और साथ दे सकता हूँ तुम्हें चलेगा क्या...!!+!!🤗
1 063
आरंभिक चौहानों की शत्रुता... तोमर वंश से नही थीं, क्योंकि चौहान प्रतिहारो के सामंत थे.....
1 063
अलवर का 1941 का जागीर माफी आंदोलन...... सत्यदेव विद्यालंकार
काफी अच्छा प्रश्न....... ध्यान मैं रखें.......
1 063
विशेष प्रजामण्डल जिनकी स्थापना अपने रियासत से बाहर हुई 🔰
1.बीकानेर प्रजामण्डल-1936, कलकत्ता
2.भरतपुर प्रजामण्डल1938 रेवाडी़ (हरियाणा)
3.सिरोही प्रजामण्डल 1934, बम्बई
4.जैसलमेर प्रजामण्डल 1945, जोधपुर
https://t.me/MUKESHCLASSES
¡Ya disponible! Investigación de Telegram 2025 — los principales insights del año 
