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📈 نظرة تحليلية على قناة تيليجرام UJJWAL IAS AYODHYA®™

تُعد قناة UJJWAL IAS AYODHYA®™ (@ujjawaliasayodhya) في القطاع اللغوي الهندية لاعباً نشطاً. يضم المجتمع حالياً 19 798 مشتركاً، محتلاً المرتبة 10 074 في فئة التعليم والمرتبة 21 487 في منطقة الهند.

📊 مؤشرات الجمهور والحراك

منذ تأسيسه في невідомо، حقق المشروع نمواً سريعاً وجمع 19 798 مشتركاً.

بحسب آخر البيانات بتاريخ 02 يوليو, 2026، تحافظ القناة على نشاط مستقر. خلال آخر 30 يوماً تغيّر عدد الأعضاء بمقدار 131، وفي آخر 24 ساعة بمقدار 23، مع بقاء الوصول العام مرتفعاً.

  • حالة التحقق: غير موثّقة
  • معدل التفاعل (ER): يبلغ متوسط تفاعل الجمهور 24.55‎%. وخلال أول 24 ساعة من النشر يحصد المحتوى عادةً 20.10‎% من ردود الفعل نسبةً إلى إجمالي المشتركين.
  • وصول المنشورات: يحصل كل منشور على متوسط 4 859 مشاهدة. وخلال اليوم الأول يجمع عادةً 3 978 مشاهدة.
  • التفاعلات والاستجابة: يتفاعل الجمهور بانتظام؛ متوسط التفاعلات لكل منشور يبلغ 12.
  • الاهتمامات الموضوعية: يركز المحتوى على مواضيع رئيسية مثل टेस्ट, सफलता, मेहनत, तैयारी, सीरीज.

📝 الوصف وسياسة المحتوى

يصف المؤلف القناة بأنها مساحة للتعبير عن الآراء الذاتية:
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بفضل وتيرة التحديث المرتفعة (أحدث البيانات بتاريخ 03 يوليو, 2026) تحافظ القناة على حداثتها ومستوى وصول مرتفع. وتُظهر التحليلات تفاعلاً نشطاً من الجمهور، ما يجعلها نقطة تأثير مهمة ضمن فئة التعليم.

19 798
المشتركون
+2324 ساعات
+977 أيام
+13130 أيام
أرشيف المشاركات
#QuickRevisionSeries 🔳 *संसद की वित्तीय समितियां (प्राक्कलन समिति)* ▪️ यह स्थाई समितियां में सबसे बड़ी समिति है। ▪️ इस समिति का गठन सिर्फ लोकसभा में किया जाता है। ▪️ इसके सदस्यों की संख्या 30 होती है। ▪️ राज्यसभा के सदस्य इसमें शामिल नहीं होते। ▪️ इसका अध्यक्ष लोकसभा अध्यक्ष द्वारा नियुक्त किया जाता है। ▪️ सर्वप्रथम इस समिति का गठन वर्ष 1950 में हुआ था। ▪️ इसका गठन लोकसभा में बजट प्रस्तुत किए जाने के बाद होता है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसद की वित्तीय समितियां ( लोक लेखा समिति* ▪️ इसका गठन भारत सरकार अधिनियम 1919 के तहत सर्वप्रथम 1921 में किया गया था ▪️ वर्तमान में इस समिति में कुल सदस्यों की संख्या 22 होती है। ▪️ जिसमें 15 सदस्य लोकसभा से तथा सात सदस्य राज्यसभा से लिए जाते हैं। ▪️ लोकसभा तथा राज्यसभा के सदस्यों का निर्वाचन अपने-अपने सदन के सदस्यों में से आनुपातिक प्रतिनिधित्व पद्धति से एकल संक्रमणीय मत द्वारा होता है। ▪️ इस समिति के अध्यक्ष को लोकसभा अध्यक्ष द्वारा नियुक्त किया जाता है। ▪️ इसके सदस्यों का कार्यकाल 1 वर्ष होता है। ▪️ इस समिति का अध्यक्ष विपक्ष के किसी सदस्य को बनाया जाता है। ▪️ यह समिति आम व्ययो पर निगरानी रखती है तथा प्राक्कलन समिति के साथ मिलकर सार्वजनिक व्यय पर संसदीय नियंत्रण सुनिश्चित करती है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसद की समितियां* ▪️ भारतीय संसद का अधिकतर कार्य संसद की समितियां द्वारा निपटाया जाता है। ▪️ भारत में संसदीय समितियां दो प्रकार की होती हैं – *स्थाई समितियां, तदर्थ समितियां* ▪️ *स्थाई समितियां* का गठन प्रतिवर्ष या एक निश्चित समय के लिए होता है तथा इनका कार्य सतत रूप से चलता रहता है, जबकि *तदर्थ समितियां* का गठन आवश्यकता अनुसार किया जाता है। ▪️संसदीय समितियां को लघु संसद के रूप में जाना जाता है। ▪️ संसद विधायी कार्यों को संपन्न करने तथा कार्यपालिका पर नियंत्रण रखने का कार्य इन समितियां के माध्यम से करती है। ▪️ संसदीय समितियां का गठन संसद द्वारा *अनुच्छेद 118 (1)* के अंतर्गत निर्मित प्रक्रिया तथा कार्य संचालन के नियमों के तहत किया जाता है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसदीय प्रक्रिया* ▪️ *प्रश्न काल –* सामान्यतः प्रतिदिन संसद के दोनों सदनों में बैठक के पश्चात कार्यवाही का प्रथम घंटा ( 11 बजे से 12 बजे तक ) प्रश्न कल होता है। ▪️ यह प्रक्रिया सर्वप्रथम इंग्लैंड में शुरू हुई थी। ▪️ प्रश्न काल में संसद सदस्यों द्वारा लोक महत्व के राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सभी प्रकार के मामलों पर जानकारी के लिए मंत्री परिषद से प्रश्न पूछा जाता है। ▪️ संसद में पूछे जाने वाले प्रश्न तीन प्रकार के होते हैं– *तारांकित प्रश्न , अतारांकित प्रश्न , अल्प सूचना प्रश्न* ▪️ *शून्य काल –* प्रश्नकाल के तुरंत बाद का 1 घंटे का समय शून्य काल कहा जाता है। ▪️ संसदीय व्यवस्था में शून्य काल भारत की देन है। ▪️ *अल्पकालीन चर्चा –* किसी अभिलंबनीय लोक महत्व के विषय पर सदन का ध्यान लाने के लिए कोई गैर सरकारी सदस्य अल्पकालिक चर्चा उठा सकता है ।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसदीय विशेषाधिकार* ▪️ संविधान का *अनुच्छेद 105* संसद तथा उसके सदस्यों के विशेषाधिकार से संबंधित है। ▪️ संसद को महत्वपूर्ण विषयों पर अपना गुप्त सत्र चलने का अधिकार है। ▪️ संसद सदस्यों को संसद के अधिवेशन के दौरान या अधिवेशन के 40 दिन पूर्व या पश्चात किसी सिविल मामले में गिरफ्तार नहीं किया जाएगा। ▪️ संसद सदस्यों को संबंधित सदन या समितियां में बोलने की पूर्ण स्वतंत्रता है। ▪️ संसद को सदन की कार्यवाहियों को प्रकाशित करने तथा प्रकाशित करने से रोकने का अधिकार है। ▪️ संसद को अपने सदस्यों के विशेषाधिकारों का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति को दंडित करने का अधिकार है। ▪️ किसी संसद सदस्य को संसद के अधिवेशन के दौरान अध्यक्ष या सभापति की अनुमति के बिना किसी न्यायालय के समक्ष गवाह के रूप में उपस्थित होने के लिए विवश नहीं किया जाएगा।

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोकसभा की सदस्य संख्या* *राज्य /संघ शासितप्रदेश* – *सदस्य संख्या* आंध्र प्रदेश – 25 असम – 14 छत्तीसगढ़ – 11 गोवा – 02 हरियाणा – 10 जम्मू एंड कश्मीर – 05 कर्नाटक – 28 महाराष्ट्र – 48 मध्य प्रदेश – 29 नागालैंड – 01 पंजाब – 13 सिक्किम – 01 तमिलनाडु – 39 उत्तर प्रदेश – 80 पश्चिम बंगाल – 42 दिल्ली – 07 चंडीगढ़ – 01 लक्षद्वीप – 01 लद्दाख – 01 अरुणाचल प्रदेश – 02 बिहार – 40 गुजरात – 26 हिमाचल प्रदेश – 04 झारखंड – 14 केरल – 20 मेघालय – 02 मणिपुर – 02 मिजोरम – 01 उड़ीसा – 21 राजस्थान – 25 तेलंगाना – 17 त्रिपुरा – 02 उत्तराखंड – 05 अंडमान एवं निकोबार दीप समूह – 01 दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव – 02 पुडुचेरी – 01

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोकसभा की शक्तियां एवं कार्य* ▪️ प्रत्येक विधेयक को विधि बनाने के पूर्व लोकसभा की स्वीकृति आवश्यक है। ▪️ *अनुच्छेद 109* के अनुसार धन विधेयक केवल लोकसभा में ही प्रस्तावित किया जा सकते हैं। ▪️ लोकसभा को राज्यसभा के साथ मिलकर संविधान के किसी उपबंध में परिवर्तन या निरसन के रूप में संशोधन का अधिकार प्राप्त है। ▪️ यदि लोकसभा मंत्रीपरिषद के विरुद्ध "अविश्वास प्रस्ताव" पारित कर देती है तो मंत्रिपरिषद को तुरंत त्यागपत्र देना पड़ता है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोक सभा अध्यक्ष के अधिकार एवं कार्य* ▪️ वह लोकसभा की बैठकों की अध्यक्षता करता है। ▪️ वह सदन में शांति व्यवस्था बनाए रखता है। ▪️ वह दल बदल के आधार पर योग्यता संबंधी प्रश्नों का निर्णय करता है। ▪️ वह कोई विधेयक धन विधेयक है या नहीं इस बात का निर्णय करता है। ▪️ लोकसभा और राज्यसभा के संयुक्त अधिवेशन की अध्यक्षता करता है। ▪️ वह किसी प्रश्न पर सदन में पक्ष विपक्ष के बराबर मत होने की स्थिति में निर्णायक मत देता है। ▪️ वह लोकसभा की सभी संसदीय समितियां के सभापति की नियुक्ति करता है और उनके कार्यों का पर्यवेक्षण करता है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोक सभा ( अध्यक्ष और उपाध्यक्ष)* ▪️ *अनुच्छेद 93* के अनुसार लोकसभा अपने सदस्यों में से एक अध्यक्ष और एक उपाध्यक्ष का चुनाव करती है। ▪️ अध्यक्ष, उपाध्यक्ष को तथा उपाध्यक्ष, अध्यक्ष को अपना त्यागपत्र दे सकता है। ▪️ लोकसभा के तत्कालीन समस्त सदस्यों के बहुमत से पारित संकल्प द्वारा इनको पद से हटाया जा सकता है,इसके लिए 14 दिन पूर्व इस आशय की सूचना अध्यक्ष तथा उपाध्यक्ष को देना आवश्यक है। ▪️ *अनुच्छेद 96(1 )* के अनुसार जब अध्यक्ष या उपाध्यक्ष को उसके पद से हटाने का संकल्प लोकसभा में विचाराधीन हो तब वह इसकी अध्यक्षता नहीं करेगा। ▪️ अध्यक्ष की अनुपस्थिति में लोकसभा की अध्यक्षता उपाध्यक्ष करता है। ▪️ *अनुच्छेद 118 (4)* के अनुसार लोकसभा अध्यक्ष दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन की अध्यक्षता करता है ▪️ *अनुच्छेद 108* के तहत दोनों सदनों के *संयुक्त अधिवेशन* का प्रावधान किया गया है। ▪️ *अनुच्छेद 94* के अनुसार जब कभी लोकसभा का विघटन होता है तो विघटन के पश्चात होने वाले लोकसभा के प्रथम अधिवेशन के ठीक पहले तक अध्यक्ष अपने पद पर बना रहेगा।

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोक सभा* ▪️ *अनुच्छेद 83(2)* के अनुसार लोकसभा का कार्यकाल प्रथम बैठक की तारीख से 5 वर्ष होता है। ▪️ आपातकाल की घोषणा लागू होने पर संसद विधि द्वारा लोकसभा के कार्यकाल में वृद्धि कर सकती है। ▪️ यह वृद्धि एक बार में एक वर्ष से अधिक नहीं होगी। ▪️ लोकसभा में *कोरम (गणपूर्ति) कुल सदस्य संख्या का 1/10* होता है। वर्तमान में लोकसभा में गणपूर्ति के लिए आवश्यक सदस्यों की संख्या 55 है। ▪️ संसद का प्रत्येक सदस्य सदन में अपना स्थान ग्रहण करने के पूर्व राष्ट्रपति या उसके द्वारा नियुक्त किसी व्यक्ति के समक्ष तृतीय अनुसूची में दिए गए प्रारूप में शपथ ग्रहण करेगा। ▪️ लोकसभा के एक सत्र की अंतिम बैठक तथा आगामी सत्र की प्रथम बैठक के बीच 6 माह से अधिक अंतर नहीं होगा।

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोक सभा* ▪️लोकसभा का *कार्यकाल 5 वर्ष* का होता है। ▪️ *अनुच्छेद 84* में लोकसभा के सदस्यों की *योग्यताएं* दी गई है , जिसके अनुसार (1)भारत का नागरिक है। (2)उसकी आयु कम से कम 25 वर्ष है। (3)पागल या दिवालिया न हो। (4)किसी लाभ के पद पर न हो। ▪️ *संसद ने जनप्रतिनिधित्व अधिनियम ,1951 द्वारा संसद सदस्यों के लिए निम्न योग्यता निर्धारित की –* (1) किसी आरक्षित सीट से चुनाव लड़ने के लिए प्रत्याशी को भारत के किसी राज्य या संघ राज्य क्षेत्र में उसे वर्ग का सदस्य होना चाहिए जिसके लिए सीट आरक्षित है। (2)किसी अन्य स्थान से चुनाव लड़ने के लिए प्रत्याशी को भारत के किसी भी संसदीय निर्वाचन क्षेत्र के मतदाता सूची में पंजीकृत होना चाहिए।

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोक सभा* ▪️लोकसभा एक *अस्थाई सदन* है, जिसे कभी भी प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति द्वारा भंग किया जा सकता है। ▪️ *अनुच्छेद 330* के तहत लोकसभा में अनुसूचित जातियों तथा अनुसूचित जनजातियों के लिए राज्यवार जनसंख्या के अनुपात में आरक्षण का प्रावधान किया गया है। ▪️लोकसभा में अनुसूचित जाति के लिए 84 सीटें तथा अनुसूचित जनजाति के लिए 47 सीटें आरक्षित है। ▪️ *अनुच्छेद 81(2)* के अनुसार लोकसभा में राज्यों को स्थानों का आवंटन उनकी जनसंख्या के आधार पर किया जाएगा। ▪️84 वें संविधान संशोधन,2001 के अनुसार वर्ष 2026 तक लोकसभा और विधानसभा की सीटों में कोई परिवर्तन नहीं किया जाएगा। ▪️लोकसभा के सदस्यों का चुनाव प्रत्यक्ष रूप से वयस्क मताधिकार के आधार पर गुप्त मतदान द्वारा होता है। ▪️61वे संविधान संशोधन अधिनियम 1989 द्वारा मताधिकार की आयु 21 वर्ष से घटाकर 18 वर्ष कर दी गयी ।

#QuickRevisionSeries 🔳 *राज्यसभा सदस्य सख्या* *राज्य/ संघ शासित प्रदेश* – *सदस्य संख्या* उत्तर प्रदेश – 31 पश्चिम बंगाल – 16 तमिलनाडु – 18 राजस्थान – 10 पुडुचेरी– 01 दिल्ली – 03 मिजोरम– 01 मणिपुर – 01 मध्य प्रदेश– 11 कर्नाटक – 12 जम्मू एंड कश्मीर– 04 हरियाणा – 05 गोवा – 01 बिहार – 16 अरुणाचल प्रदेश – 01 तेलंगाना – 07 उत्तराखंड – 03 त्रिपुरा – 01 सिक्किम – 01 पंजाब – 07 उड़ीसा – 10 नागालैंड – 01 मेघालय – 01 महाराष्ट्र – 19 झारखंड – 06 केरल – 09 हिमाचल प्रदेश – 03 गुजरात – 11 छत्तीसगढ़ – 05 असम – 07 आंध्र प्रदेश – 11

#QuickRevisionSeries 🔳 *लोकसभा* ▪️लोकसभा की संरचना का उल्लेख *अनुच्छेद 81* में किया गया है। ▪️लोकसभा संसद का *निम्न सदन* है। ▪️वर्तमान में लोकसभा में सदस्यों की अधिकतम संख्या 550 हो सकती है, जिसमें 530 सदस्य राज्यों के निर्वाचन क्षेत्र से तथा 20 सदस्य संघ राज्य क्षेत्र से निर्वाचित किए जाएंगे। ▪️वर्तमान में लोकसभा की सदस्य सख्या 543 है , जिसमें 524 सदस्य राज्यों से और 19 सदस्य संघीय क्षेत्र से निर्वाचित होते हैं। ▪️104 वें संविधान संशोधन अधिनियम 2019 द्वारा अनुच्छेद 334 में संशोधन करके लोकसभा और राज्य विधानसभा में अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों के स्थानों के आरक्षण को 10 वर्ष तक बढ़ा दिया गया है। ▪️ इस संशोधन द्वारा लोकसभा और विधानसभाओं में आंग्ल भारतीय समुदाय के प्रतिनिधित्व को 25 जनवरी 2020 से समाप्त कर दिया गया है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसद( राज्यसभा): सभापति एवं उपसभापति* ▪️ *अनुच्छेद 89(1)* के अनुसार भारत का उपराष्ट्रपति, राज्यसभा का पदेन सभापति होता है। ▪️ राज्यसभा यथाशीघ्र अपने किसी सदस्य को अपना उपसभापति चुनेगी और जब-जब उपसभापति का पद रिक्त होता है तब तब राज्यसभा किसी अन्य सदस्य को अपना उपसभापति चुनेगी। ▪️ उपसभापति ,सभापति को संबोधित अपने हस्ताक्षर सहित लेख द्वारा किसी भी समय पद त्याग सकता है। ▪️उपसभापति को पद से हटाने की सूचना 14 दिन पूर्व देते हुए तत्कालीन समस्त सदस्यों के बहुमत द्वारा इस आशय का प्रस्ताव पारित करके हटाया जा सकता है। ▪️ *अनुच्छेद 92* के अनुसार जब सभापति या उपसभापति को पद से हटाने का कोई संकल्प विचाराधीन हो तो वह पीठासीन नहीं होगा।

#QuickRevisionSeries 🔳 *राज्यसभा की शक्तियां* ▪️ *अनुच्छेद 249* के अनुसार, राज्यसभा उपस्थिति तथा मत देने वाले सदस्यों के कम से कम दो तिहाई बहुमत द्वारा राज्य सूची के किसी भी विषय को राष्ट्रीय महत्व का घोषित कर उस पर संसद द्वारा कानून बनवा सकती है। ▪️ *अनुच्छेद 312* के अनुसार राज्यसभा दो तिहाई बहुमत द्वारा अखिल भारतीय सेवा का सृजन कर सकती है। ▪️ लोकसभा द्वारा पारित धन विधेयक राज्यसभा 14 दिनों के लिए रोक सकती है, यदि 14 दिन के भीतर विधेयक वापस नहीं किया जाता है तो उसे पारित समझा जाता है। ▪️राज्यसभा धन विधेयक में किसी प्रकार का संशोधन नहीं कर सकती है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसद* ▪️ *अनुच्छेद 79* के अनुसार भारत की संसद *राष्ट्रपति, राज्यसभा तथा लोकसभा* से मिलकर बनती है। ▪️संविधान के *भाग5* , *अनुच्छेद 79 से 122 तक* संसद के गठन , संरचना एवं प्रक्रिया का उल्लेख किया गया है। ▪️ *संसद में दो सदन होते है –* लोकसभा एवं राज्यसभा। ▪️ *राष्ट्रपति संसद के किसी भी सदन का सदस्य नहीं होता है* ,लेकिन वह संसद का एक अभिन्न अंग है। ▪️संसद द्वारा पारित कोई भी विधेयक तब तक कानून नहीं बनता , जब तक राष्ट्रपति उसे अपनी स्वीकृति प्रदान नहीं कर देता है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संसद ( राज्यसभा )* ▪️ *अनुच्छेद 80* में राज्यसभा की संरचना का उल्लेख किया गया है। ▪️अनुच्छेद 80 के अनुसार , राज्यसभा के सदस्यों की अधिकतम संख्या 250 हो सकती है। ▪️इसमें से *238 सदस्य राज्यों एवं संघ शासित प्रदेशों से निर्वाचित होते है* , जबकि *12 सदस्य राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत किए जाते है।* ▪️राज्यसभा की सदस्यता के लिए न्यूनतम आयु 30 वर्ष है। ▪️वर्तमान समय में राज्यसभा में सदस्यों की संख्या 245 है, इसमें 12 सदस्य राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत किए गए हैं। ▪️राज्यसभा एक *स्थाई सदन* है, यह कभी भंग नहीं होता है। ▪️ *राज्यसभा के सदस्यों का कार्यकाल 6 वर्षों का* होता है, प्रत्येक 2 वर्ष पर इसके एक तिहाई सदस्य सेवानिवृत हो जाते है। ▪️ राज्यसभा में राज्य और संघ राज्य क्षेत्र के सदस्यों का चुनाव विधानसभाओं के निर्वाचित प्रतिनिधियों द्वारा किया जाता है। ▪️ यह चुनाव आनुपातिक प्रतिनिधित्व पद्धति के अनुसार एकल संक्रमणीय मत प्रणाली द्वारा होता है।

#QuickRevisionSeries 🔳 *संघीय मंत्रीपरिषद एवं प्रधानमंत्री* ▪️ मंत्रीपरिषद का सदस्य बनने के लिए सदस्यों को संसद के किसी सदन का सदस्य होना चाहिए परन्तु *अनुच्छेद 75(5 )* के अनुसार, यदि मंत्री बनते समय वह संसद सदस्य नहीं है, तो 6 महीने के अंदर संसद सदस्य बनना अनिवार्य है। ▪️ *मंत्री तीन प्रकार के होते है* –कैबिनेट मंत्री , राज्यमंत्री, एवं उपमंत्री ▪️ प्रधानमंत्री एवं कैबिनेट मंत्री को मिलाकर मंत्रिमंडल का निर्माण होता है। ▪️ प्रधानमंत्री, कैबिनेट मंत्री तथा सभी मंत्रियों को मिलाकर मंत्रीपरिषद का गठन होता है। ▪️ *अनुच्छेद 78* के अनुसार ,प्रधानमंत्री राष्ट्रपति एवं मंत्रीपरिषद के बीच संवाद की मुख्य कड़ी है। ▪️ प्रधानमंत्री लोकसभा का नेता होता है, वह राष्ट्रपति को संसद का सत्र आहूत करने एवं सत्रावसान करने का परामर्श देता है। ▪️ प्रधानमंत्री किसी भी समय लोकसभा को विघटित करने की सिफारिश राष्ट्रपति से कर सकता है। ▪️ *प्रधानमंत्री नीति आयोग ,राष्ट्रीय विकास परिषद ,राष्ट्रीय एकता परिषद, अंतरराज्यीय परिषद आदि का अध्यक्ष होता है।*

#QuickRevisionSeries 🔳 *भारत के उपराष्ट्रपति के कार्य एवं शक्तियां* ▪️ उपराष्ट्रपति राज्यसभा का पदेन सभापति होता है। ▪️ उपराष्ट्रपति को किसी विषय पर मत देने का अधिकार नहीं होता है ,परंतु बराबर मत होने की स्थिति में वह निर्णायक मत दे सकता है। ▪️ अनुच्छेद 65 के तहत वह कार्यवाहक राष्ट्रपति के रूप में कार्य करता है। ▪️ वह राज्यसभा में पेश किए गए विधेयकों पर विचार विमर्श कर उन पर मतदान करवाता है। ▪️ वह सदन में असंसदीय भाषा के प्रयोग को रोकता है। ▪️ जब उपराष्ट्रपति को राष्ट्रपति अपना त्यागपत्र देता है तो उपराष्ट्रपति का यह कर्तव्य है कि वह तत्काल इसकी सूचना लोकसभा अध्यक्ष को दे।